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Dehradun Fraud | Fake IPS | Uttarakhand Crime : उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में पुलिस ने खुद को आईपीएस और केंद्रीय एजेंसियों का अधिकारी बताकर लोगों से ठगी करने के आरोप में एक युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान यशोवर्धन के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार वह एक सेवानिवृत्त वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी का बेटा है…और लंबे समय से लोगों को सरकारी नौकरी, कंपनी रजिस्ट्रेशन और अन्य सरकारी काम कराने का झांसा देकर पैसे ऐंठ रहा था।
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी खुद को कभी आईपीएस अधिकारी, कभी इंटेलिजेंस एजेंसी का अधिकारी तो कभी सेना और अर्धसैनिक बलों का वरिष्ठ अफसर बताता था। लोगों का भरोसा जीतने के लिए वह फर्जी पहचान पत्र, विजिटिंग कार्ड और वर्दियों का इस्तेमाल करता था।
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से कई फर्जी आईडी कार्ड, विजिटिंग कार्ड, पुलिस और सेना से जुड़े लोगो, सैन्य वर्दियां, फर्जी रिबन, वायरलेस सेट और एक लैपटॉप बरामद किया है। इन सामानों का इस्तेमाल वह खुद को बड़ा अधिकारी साबित करने के लिए करता था।
जांच के दौरान दो ठगी के मामले सामने आए हैं। एक शिकायत में कंपनी रजिस्ट्रेशन के नाम पर लाखों रुपये लेने का आरोप है…जबकि दूसरी शिकायत में रक्षा मंत्रालय में नौकरी दिलाने का झांसा देकर लाखों रुपये हड़पने की बात कही गई है।
पूछताछ में आरोपी ने पुलिस को बताया कि उसने कई वर्षों तक प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की…लेकिन सफलता नहीं मिलने के बाद उसने फर्जी अधिकारी बनकर लोगों को ठगना शुरू कर दिया।
देहरादून पुलिस का कहना है कि आरोपी से पूछताछ जारी है। यह भी जांच की जा रही है कि उसने उत्तराखंड और अन्य राज्यों में कितने लोगों को अपना शिकार बनाया है। पुलिस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।

PushkarSinghDhami | LakhpatButola | SumitHridayesh : उत्तराखंड की राजनीति में एक बार फिर ऐसा घटनाक्रम सामने आया है…जिसने राजनीतिक गलियारों में नई चर्चा छेड़ दी है। बदरीनाथ विधानसभा से कांग्रेस विधायक लखपत बुटोला ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विकास कार्यों की खुले मंच से सराहना करते हुए उन्हें धन्यवाद दिया। इससे पहले कांग्रेस विधायक सुमित हृदयेश भी मुख्यमंत्री की कुछ विकास योजनाओं की तारीफ कर चुके हैं।
चमोली जिले के गोपेश्वर में आयोजित ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ कार्यक्रम के दौरान लखपत बुटोला ने कहा कि अक्सर यह कहा जाता है कि विपक्षी विधायकों के क्षेत्रों में विकास कार्यों की अनदेखी होती है…लेकिन उनके अनुभव इसके विपरीत हैं। उन्होंने कहा कि बदरीनाथ विधानसभा में कई महत्वपूर्ण विकास परियोजनाओं पर काम हुआ है…जिसका लाभ स्थानीय लोगों को मिल रहा है। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का सार्वजनिक रूप से आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम में विधायक ने मुख्यमंत्री को उनके पांच वर्ष का कार्यकाल पूरा होने पर शुभकामनाएं भी दीं। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं का लाभ हर पात्र व्यक्ति तक पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पहुंचना चाहिए। साथ ही अधिकारियों से यह सुनिश्चित करने की अपील की कि कोई भी जरूरतमंद व्यक्ति सरकारी योजनाओं से वंचित न रहे।
हालांकि विधायक ने कुछ महत्वपूर्ण मांगें भी मुख्यमंत्री के सामने रखीं। उन्होंने चमोली जिला चिकित्सालय को मेडिकल कॉलेज में विकसित करने और बदरीनाथ धाम में सामने आए वित्तीय अनियमितताओं के मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग दोहराई।
कांग्रेस विधायक के इस बयान के बाद प्रदेश की राजनीति में नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं। इससे पहले हल्द्वानी से कांग्रेस विधायक सुमित हृदयेश भी मुख्यमंत्री धामी के कुछ विकास कार्यों की सार्वजनिक रूप से सराहना कर चुके हैं। अब लखपत बुटोला की टिप्पणी के बाद राजनीतिक विश्लेषक इसे विकास के मुद्दों पर दलगत राजनीति से अलग एक महत्वपूर्ण संकेत के रूप में देख रहे हैं।

Lakhpat Butola | CM Dhami | Chamoli News : बदरीनाथ विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक लखपत बुटोला ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की तारीफ की है। गोपेश्वर में आयोजित ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ कार्यक्रम के दौरान विधायक ने मुख्यमंत्री के विकास कार्यों की सराहना की।
कांग्रेस विधायक लखपत बुटोला ने कहा कि उनके विधानसभा क्षेत्र बदरीनाथ में लगातार विकास कार्य हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि कई बार विपक्षी विधायकों के साथ भेदभाव की बात कही जाती है…लेकिन उनके क्षेत्र में सबसे अधिक काम हुए हैं…जिसके लिए वह मुख्यमंत्री का धन्यवाद करते हैं।
विधायक ने मंच से मुख्यमंत्री धामी को पांच साल का कार्यकाल पूरा करने पर बधाई भी दी। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से आम जनता के लिए कई जनकल्याणकारी योजनाएं चलाई जा रही हैं। इन योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक समय पर और पारदर्शी तरीके से पहुंचना जरूरी है।
लखपत बुटोला ने इस दौरान जिला चिकित्सालय को मेडिकल कॉलेज में बदलने की मांग मुख्यमंत्री के सामने रखी। इसके अलावा उन्होंने बदरीनाथ धाम में सामने आई वित्तीय अनियमितताओं की जांच के लिए उच्च स्तरीय कमेटी बनाने की भी मांग की।
उन्होंने अधिकारियों से अपील की कि सरकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाया जाए और कोई भी पात्र व्यक्ति योजनाओं से वंचित न रहे।
गौरतलब है कि इससे पहले लखपत बुटोला ने सरकार को लेकर तीखे बयान दिए थे। उन्होंने देहरादून में प्रेस वार्ता कर दावा किया था कि भाजपा के कुछ विधायक सरकार से नाराज है…और उन्होंने उनसे संपर्क किया था। हालांकि गोपेश्वर के कार्यक्रम में उनका रुख मुख्यमंत्री धामी के प्रति सकारात्मक नजर आया।

Pushkar Singh Dhami | Chamoli Development | Uttarakhand News : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सेवा, सुशासन एवं समर्पण सेवा पखवाड़े के तहत गोपेश्वर स्थित पुलिस मैदान में आयोजित कार्यक्रम में चमोली जिले को 155.36 करोड़ की 63 विकास योजनाओं की सौगात दी। इनमें 113.99 करोड़ की 36 योजनाओं का शिलान्यास और 41.37 करोड़ की 27 योजनाओं का लोकार्पण किया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य विकास योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि सड़क, पुल, शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई, बाढ़ सुरक्षा, पशुपालन, पर्यटन और अन्य आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने के लिए लगातार काम किया जा रहा है। उन्होंने चमोली को धार्मिक, सांस्कृतिक और सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण बताते हुए जिले के समग्र विकास के लिए सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।
शिलान्यास की गई प्रमुख परियोजनाओं में जोशीमठ-नीति मार्ग पर जुग्जू में स्टील ट्रस पुल, लंगसी-द्वींग-तपोवन-लांज-पोखनी मोटर मार्ग पर लोहा सेतु, कई मोटर मार्गों का निर्माण और विस्तार, नंदानगर क्षेत्र की पर्वतीय नहरों का पुनरोद्धार, विभिन्न बाढ़ सुरक्षा योजनाएं, मॉडल राजकीय पशु चिकित्सालय नंदप्रयाग, पशु चिकित्सालय तलवाड़ी, डायट गौचर का अनुरक्षण और सामुदायिक भवन व पार्किंग निर्माण जैसी योजनाएं शामिल हैं।
इसके अलावा कई मोटर मार्गों, स्टील गर्डर पुलों, विद्यालय भवनों, पार्किंग, सिंचाई और पशुपालन से जुड़ी परियोजनाओं का भी शिलान्यास किया गया।
मुख्यमंत्री ने जिन योजनाओं का लोकार्पण किया, उनमें गैरसैंण मुख्य मार्ग पर इंटरलॉकिंग टाइल्स, कई मोटर मार्गों का निर्माण और डामरीकरण, जिला चिकित्सालय और बीपीएचयू में नए भवन, विद्यालयों में पुस्तकालय, विज्ञान प्रयोगशालाएं और आर्ट एंड क्राफ्ट कक्ष, ट्राउट इंडोर हैचरी, गोपेश्वर खेल स्टेडियम में बैडमिंटन हॉल, कल्पेश्वर पाथवे और आर्क ब्रिज, सहकारी समिति भवन तथा विभिन्न मोटर मार्गों का अपग्रेडेशन शामिल है।
इस अवसर पर प्रभारी मंत्री भरत सिंह चौधरी, विधायक भूपाल राम टम्टा, अनिल नौटियाल, लखपत बुटोला, जिला पंचायत अध्यक्ष दौलत सिंह बिष्ट, जिलाधिकारी गौरव कुमार, पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।

Piran Kaliyar | Mohammad Shahzad | Uttarakhand News : लक्सर विधायक मोहम्मद शहजाद ने पिरान कलियर दरगाह में चढ़ावे की व्यवस्था को लेकर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि दरगाह में भी चढ़ावे की चोरी की शिकायतें सामने आती रही हैं…जिससे श्रद्धालुओं की आस्था प्रभावित होती है। उनका कहना है कि व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और मजबूत बनाने की जरूरत है।
विधायक ने कहा कि देश के कई धार्मिक स्थलों पर चढ़ावे से जुड़े मामलों की खबरें सामने आती रही हैं। ऐसे में सरकार को इस मुद्दे को किसी धार्मिक नजरिए से नहीं…बल्कि श्रद्धालुओं की भावनाओं और पारदर्शिता के दृष्टिकोण से देखना चाहिए।
उन्होंने सुझाव दिया कि धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालु नकद राशि और जेवर चढ़ाने के बजाय फूल-प्रसाद अर्पित करें। उनका दावा है कि दरगाह परिसर में कुछ फर्जी खादिम सक्रिय हैं…जो श्रद्धालुओं को गुमराह कर चढ़ावा लेने की कोशिश करते हैं। ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
मोहम्मद शहजाद ने कहा कि वर्ष 2011 में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद दरगाह की व्यवस्था की जिम्मेदारी जिला प्रशासन को दी गई थी। उन्होंने यह भी कहा कि पहले उनकी पहल पर दानपेटी (गोलक) की गिनती सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में शुरू कराई गई थी। साथ ही उन्होंने हर सप्ताह गोलक की गिनती कराने की व्यवस्था लागू करने की भी मांग की थी।
वहीं दरगाह प्रबंधक एवं तहसीलदार विकास अवस्थी ने बताया कि दरगाह में चढ़ावे की गिनती सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में पूरी पारदर्शिता के साथ कराई जाती है। उन्होंने कहा कि इस बार गिनती के दौरान उन्होंने स्वयं निगरानी की थी।
उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि कुछ फर्जी खादिम दरगाह के बाहर श्रद्धालुओं को बहला-फुसलाकर चंदा लेने की कोशिश करते हैं। प्रशासन समय-समय पर ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई करता है और व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने के प्रयास जारी हैं।

UTET 2026 | Uttarakhand TET | Teacher Recruitment Exam : उत्तराखंड में शिक्षक बनने की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए अच्छी खबर है। उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद ने उत्तराखंड शिक्षक पात्रता परीक्षा (UTET) 2026 के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है। इच्छुक उम्मीदवार 3 अगस्त 2026 तक आधिकारिक वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
प्राथमिक और जूनियर हाईस्कूल में शिक्षक बनने के लिए यूटीईटी प्रमाणपत्र अनिवार्य है। प्राथमिक विद्यालयों में शिक्षक बनने के लिए यूटीईटी-1 और जूनियर हाईस्कूल में शिक्षक बनने के लिए यूटीईटी-2 उत्तीर्ण करना आवश्यक होगा।
महत्वपूर्ण तिथियां
ऑनलाइन आवेदन शुरू: शुरू हो चुके हैं
आवेदन की अंतिम तिथि: 3 अगस्त 2026
परीक्षा शुल्क जमा करने की अंतिम तिथि: 6 अगस्त 2026
परीक्षा की तिथि: 29 सितंबर 2026
आवेदन शुल्क
सामान्य और अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के उम्मीदवारों के लिए एक पेपर का शुल्क 600 रुपये और दोनों पेपर के लिए 1,000 रुपये निर्धारित किया गया है।
अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST) और दिव्यांग वर्ग के अभ्यर्थियों के लिए एक पेपर का शुल्क 300 रुपये, जबकि दोनों पेपर के लिए 500 रुपये रखा गया है।
परीक्षा का समय
यूटीईटी-1: सुबह 10:00 बजे से 12:30 बजे तक।
यूटीईटी-2: दोपहर 2:00 बजे से 4:30 बजे तक।
आवेदन से जुड़ी जरूरी बातें
उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद के सचिव विनोद कुमार ने बताया कि आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन होगी। निर्धारित अंतिम तिथि के बाद न तो आवेदन स्वीकार किए जाएंगे और न ही परीक्षा शुल्क जमा किया जा सकेगा।
आवेदन करने के लिए अभ्यर्थी के पास सक्रिय मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी होना जरूरी है। एक मोबाइल नंबर और एक ईमेल आईडी से केवल एक ही आवेदन स्वीकार किया जाएगा।
अभ्यर्थियों को सलाह दी गई है कि वे अंतिम तिथि का इंतजार न करें और समय रहते आवेदन प्रक्रिया पूरी कर लें…ताकि किसी तकनीकी परेशानी से बचा जा सके।

INDvsENG | LordsTest | WomenCricket | TeamIndia | HistoricWin : भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने क्रिकेट के सबसे प्रतिष्ठित मैदानों में शामिल लॉर्ड्स में शानदार प्रदर्शन करते हुए इतिहास रच दिया। एकमात्र टेस्ट मैच में भारत ने इंग्लैंड को 270 रन के बड़े अंतर से हराकर यादगार जीत दर्ज की। यह मुकाबला लॉर्ड्स में खेला गया पहला महिला टेस्ट था और भारतीय टीम ने इसे अपने नाम कर नया इतिहास लिख दिया।
मैच के चौथे और अंतिम दिन इंग्लैंड को जीत के लिए 457 रन का लक्ष्य मिला था। लेकिन भारतीय गेंदबाजों के शानदार प्रदर्शन के सामने मेजबान टीम ज्यादा देर टिक नहीं सकी और 62.5 ओवर में 186 रन पर ऑलआउट हो गई।
भारत की जीत में ऑफ स्पिनर स्नेह राणा ने अहम भूमिका निभाई। उन्होंने 42 रन देकर चार विकेट लिए और इंग्लैंड की बल्लेबाजी को पूरी तरह दबाव में रखा। वहीं सयाली सतघरे, दीप्ति शर्मा और क्रांति गौड़ ने दो-दो विकेट लेकर टीम की जीत को आसान बना दिया।
इंग्लैंड की ओर से विकेटकीपर बल्लेबाज एमी जोन्स ने 54 रन और सोफी एक्लेस्टोन ने 50 रन की संघर्षपूर्ण पारी खेली….लेकिन बाकी बल्लेबाज भारतीय गेंदबाजों के सामने टिक नहीं सके।
भारत ने पहली पारी से ही मैच पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली थी। बल्लेबाजी में स्मृति मंधाना ने महत्वपूर्ण योगदान दिया…जबकि यास्तिका भाटिया ने शानदार शतक लगाकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। भारतीय बल्लेबाजों के दमदार प्रदर्शन के बाद गेंदबाजों ने भी अपनी जिम्मेदारी बखूबी निभाई।
तेज गेंदबाज क्रांति गौड़ ने पहली पारी में पांच विकेट लेकर सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा। उनके इस प्रदर्शन से लॉर्ड्स के प्रतिष्ठित ऑनर बोर्ड में उनका नाम दर्ज हो गया….जो किसी भी क्रिकेटर के लिए बड़ी उपलब्धि मानी जाती है।
पूरे मैच में भारतीय गेंदबाजों ने अनुशासित लाइन और लेंथ के साथ गेंदबाजी की। तेज गेंदबाजों ने नई गेंद से लगातार दबाव बनाया…जबकि स्पिन गेंदबाजों ने बीच के ओवरों में महत्वपूर्ण विकेट निकालकर इंग्लैंड की वापसी की उम्मीद खत्म कर दी।
यह जीत इसलिए भी खास मानी जा रही है क्योंकि लॉर्ड्स में पहली बार महिला टेस्ट मैच खेला गया और भारत ने इस ऐतिहासिक मुकाबले में जीत दर्ज कर अपने नाम एक नई उपलब्धि जोड़ ली।
इस जीत के साथ भारत ने महिला टेस्ट क्रिकेट में इंग्लैंड के खिलाफ अपना शानदार रिकॉर्ड भी मजबूत किया। दोनों टीमों के बीच अब तक खेले गए 16 टेस्ट मैचों में भारत ने चार मुकाबले जीते हैं….जबकि इंग्लैंड को केवल एक जीत मिली है। बाकी 11 मुकाबले ड्रॉ रहे हैं।
मैच के दौरान महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर भी भारतीय टीम का उत्साह बढ़ाने के लिए मौजूद रहे। वहीं आईसीसी चेयरमैन जय शाह ने भी खिलाड़ियों को जीत की बधाई दी।

IAS | SavinBansal | LokSabhaSecretariat | Uttarakhand : उत्तराखंड कैडर के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी और देहरादून के पूर्व जिलाधिकारी सविन बंसल को केंद्र सरकार में नई जिम्मेदारी सौंपी गई है। उन्हें तीन वर्ष की केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर लोकसभा सचिवालय में संयुक्त सचिव (जॉइंट सेक्रेटरी) के पद पर नियुक्त किया गया है।
सविन बंसल वर्ष 2009 बैच के आईएएस अधिकारी हैं। उनकी केंद्रीय प्रतिनियुक्ति को लेकर पिछले कुछ समय से चर्चाएं चल रही थीं। अब नियुक्ति आदेश जारी होने के बाद उनके जल्द नई जिम्मेदारी संभालने की संभावना है।
सविन बंसल की यह नियुक्ति इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि लोकसभा सचिवालय वही संस्थान है…जहां से उनके देहरादून में जिलाधिकारी रहने के दौरान एक शिकायत भेजी गई थी। उस समय लोकसभा अध्यक्ष के देहरादून दौरे के दौरान प्रोटोकॉल के पालन को लेकर कुछ मुद्दे उठे थे। हालांकि वह मामला पुराना हो चुका है…लेकिन नई तैनाती के बाद एक बार फिर इसकी चर्चा शुरू हो गई है।
उधर प्रशासनिक गलियारों में यह भी चर्चा है कि उत्तराखंड के कुछ अन्य वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों की भी जल्द केंद्रीय प्रतिनियुक्ति हो सकती है। वहीं राज्य में सचिवालय और जिला स्तर पर प्रशासनिक फेरबदल की भी संभावना जताई जा रही है।
हाल ही में केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पूरी कर लौटी आईएएस अधिकारी ज्योति यादव भी उत्तराखंड लौट चुकी हैं और उन्हें नई तैनाती मिलने का इंतजार है।

Haridwar | ScholarshipScam | SIT | Education | Uttarakhand : उत्तराखंड के हरिद्वार जिले में अल्पसंख्यक छात्रों की छात्रवृत्ति योजना से जुड़े कथित वित्तीय अनियमितता के मामले में बड़ा कदम उठाया गया है। पुलिस ने 19 शिक्षण संस्थानों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले की गंभीरता को देखते हुए इसकी जांच विशेष जांच टीम (SIT) को सौंपी जाएगी।
यह मामला वर्ष 2021-22 और 2022-23 की छात्रवृत्ति योजनाओं से जुड़ा बताया जा रहा है। आरोप है कि कुछ शिक्षण संस्थानों ने छात्रवृत्ति योजना में अनियमितताएं कर सरकारी धन का गलत तरीके से लाभ उठाया।
जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी की शिकायत के आधार पर सिडकुल थाने में संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। इससे पहले केंद्र सरकार के अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय के निर्देश पर पूरे मामले की जांच कराई गई थी। जांच के लिए विभिन्न उपजिलाधिकारियों की अध्यक्षता में समितियां बनाई गई थीं…जिन्होंने अपनी रिपोर्ट प्रशासन को सौंपी।
जांच रिपोर्ट में कथित वित्तीय गड़बड़ी के संकेत मिलने के बाद संबंधित संस्थानों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की सिफारिश की गई। इसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया।
हरिद्वार के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) ने बताया कि मामले की निष्पक्ष और गहन जांच के लिए एसआईटी का गठन किया जा रहा है। जांच के दौरान जो भी तथ्य और साक्ष्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि अनियमितताओं की वास्तविक स्थिति क्या थी और इसमें किन-किन लोगों की भूमिका रही।

Badrinath | DonationCase | ChamoliPolice : बदरीनाथ धाम में चढ़ावे से जुड़े चर्चित मामले में चमोली पुलिस की विशेष जांच टीम (SIT) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए बदरी-केदार मंदिर समिति (BKTC) के निलंबित कर्मचारी प्रमोद नौटियाल को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी को देहरादून स्थित उसके आवास से हिरासत में लेने के बाद चमोली ले जाकर पूछताछ शुरू कर दी है।
चमोली पुलिस के अनुसार गिरफ्तारी रविवार देर रात की गई। एसआईटी अब मामले से जुड़े दस्तावेजों, रिकॉर्ड और अन्य साक्ष्यों की जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि जांच निष्पक्ष तरीके से आगे बढ़ रही है और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
बताया जा रहा है कि प्रमोद नौटियाल ने गिरफ्तारी से बचने के लिए उत्तराखंड हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत की याचिका दायर की थी। अदालत ने इस मामले में संबंधित पक्ष से जवाब मांगा था और सुनवाई की अगली तारीख 16 जुलाई तय की गई थी। हालांकि इससे पहले ही एसआईटी ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
जानकारी के अनुसार इस मामले में अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। यदि जांच में नए तथ्य सामने आते हैं तो आगे और कार्रवाई की जा सकती है।
यह मामला उस समय चर्चा में आया था, जब भैरव सेना के संस्थापक संदीप खत्री ने बदरीनाथ धाम में श्रद्धालुओं के चढ़ावे में गड़बड़ी के आरोप लगाए थे। इसके बाद बदरी-केदार मंदिर समिति ने आंतरिक जांच समिति बनाई, जबकि राज्य सरकार ने भी उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए थे। जांच के दौरान प्रमोद नौटियाल को निलंबित किया गया और उनके खिलाफ मुकदमा भी दर्ज किया गया।