
TRENDING NEWS










Uttarakhand News: Weather Update: उत्तराखंड में मौसम का मिजाज इन दिनों बदला हुआ नजर आ रहा है। जहां एक ओर मैदानी क्षेत्रों में मौसम पूरी तरह शुष्क बना हुआ है और दिनभर तेज धूप खिलने से तापमान में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है, वहीं पर्वतीय इलाकों में आंशिक बादलों का डेरा बना हुआ है। ( Change of weather in Uttarakhad)
पहाड़ों में कहीं-कहीं हल्की बारिश और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी की भी स्थिति बनी हुई है, जिससे प्रदेशभर में सुबह और शाम ठंड का असर महसूस किया जा रहा है। देहरादून समेत आसपास के क्षेत्रों में सुबह ठंडी हवाओं के बीच दिन में तेज धूप से गर्मी का एहसास हुआ। ( Weather alert in Uttarakhand)
मौसम विभाग के अनुसार उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में आज भी बादल छाए रहने के साथ गरज-चमक और हल्की बारिश के आसार हैं, जबकि मैदानी इलाकों में मौसम शुष्क रहेगा और तापमान में और बढ़ोतरी हो सकती है। ( Rain in Uttarakhand)
Uttarakhand News: Haldwani News: Journalist: Deepak Fulera: हल्द्वानी में पत्रकारों ने खटीमा के वरिष्ठ पत्रकार दीपक फुलेरा के खिलाफ दर्ज मुकदमे को लेकर कड़ा विरोध जताया। हिमालय डिजिटल मीडिया संगठन के नेतृत्व में जुटे पत्रकारों ने सूचना एवं लोक संपर्क विभाग के अपर निदेशक आशीष त्रिपाठी को ज्ञापन सौंपते हुए मुकदमा वापस लेने की मांग की।
पत्रकारों का कहना था कि दीपक फुलेरा ने गैस संकट जैसी गंभीर जनसमस्या को सामने लाकर आम जनता की आवाज उठाई थी। यह कार्य पूरी तरह जनहित और पत्रकारिता के मूल उद्देश्यों के अनुरूप था। ऐसे में उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज करना न केवल दुर्भाग्यपूर्ण है, बल्कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर भी सवाल खड़े करता है।
प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने कहा कि यदि जनहित से जुड़े मुद्दों को उठाने पर ही कार्रवाई होगी, तो निष्पक्ष पत्रकारिता प्रभावित होगी। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि इस मामले में तत्काल हस्तक्षेप कर मुकदमा वापस लिया जाए।
इस मौके पर गिरीश गोस्वामी, शैलेंद्र नेगी, अंकित शाह, हर्ष रावत, दिनेश पांडे, संजय कुमार, गितेश त्रिपाठी, संजय पाठक, दीप बिष्ट, श्रुति तिवारी, विनोद यादव समेत कई पत्रकार मौजूद रहे।
Pushkar Singh Dhami | Census 2027 | Self Enumeration | Digital Census Uttarakhand | HLO Phase | Public Participation : उत्तराखंड में जनगणना 2027 की प्रक्रिया को लेकर नई पहल की शुरुआत हो गई है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आवास में स्वयं स्व-गणना (सेल्फ एन्यूमरेशन) की प्रक्रिया पूरी कर इस अभियान का शुभारंभ किया। इस मौके पर जनगणना से जुड़े वरिष्ठ अधिकारियों ने उन्हें डिजिटल प्रक्रिया की जानकारी भी दी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश में पहली बार जनगणना को पूरी तरह डिजिटल रूप में किया जा रहा है…जिससे पारदर्शिता और सटीकता दोनों सुनिश्चित होंगी। उन्होंने इसे जनभागीदारी को बढ़ावा देने वाला महत्वपूर्ण कदम बताया।
उन्होंने कहा कि जनगणना का पहला चरण ‘हाउस लिस्टिंग और हाउसिंग जनगणना’ के रूप में शुरू हुआ है…जिसमें घरों की स्थिति, सुविधाओं और परिवार से जुड़ी अहम जानकारियां एकत्र की जा रही हैं। इस बार नागरिकों को ऑनलाइन माध्यम से स्वयं अपनी जानकारी दर्ज करने की सुविधा दी गई है…जिससे प्रक्रिया और सरल हो गई है।
मुख्यमंत्री धामी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनगणना का कार्य तय समयसीमा के भीतर और पूरी पारदर्शिता के साथ संपन्न किया जाए। उन्होंने कहा कि जनगणना से प्राप्त आंकड़े भविष्य की योजनाओं और नीतियों के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, इसलिए इसकी शुद्धता बेहद जरूरी है।
उन्होंने प्रदेशवासियों से अपील की कि वे स्व-गणना पोर्टल का उपयोग कर अपने परिवार की सही जानकारी दर्ज करें और इस राष्ट्रीय अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएं। मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि जनगणना से जुड़े सभी आंकड़ों की सुरक्षा सुनिश्चित की गई है और उनका उपयोग केवल सांख्यिकीय उद्देश्यों के लिए ही किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने इसे राज्य में डिजिटल सशक्तिकरण और जनसहभागिता को बढ़ाने की दिशा में एक अहम कदम बताया। इस दौरान गीता धामी, जनगणना संचालन की निदेशक ईवा श्रीवास्तव सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।
Uttarakhand News | Diploma Engineers Strike | Pushkar Singh Dhami | Dehradun News | Government Meeting : प्रदेश में जारी डिप्लोमा इंजीनियर्स की हड़ताल के बीच मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से उत्तराखंड डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री आवास में मुलाकात कर अपनी मांगों को रखा।
बैठक में महासंघ ने 27 सूत्रीय मांगों पर विस्तार से चर्चा की…जिनमें पदोन्नति, वेतनमान और पुरानी पेंशन व्यवस्था प्रमुख मुद्दे रहे। मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधियों की बातों को गंभीरता से सुनते हुए आश्वासन दिया कि सरकार उनकी मांगों के प्रति सकारात्मक है और सभी बिंदुओं का समुचित परीक्षण किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि मांगों के समाधान के लिए एक सब-कमेटी का गठन किया जाएगा…जो जल्द रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार संवाद और समन्वय के माध्यम से समस्याओं का समाधान निकालने के लिए प्रतिबद्ध है। साथ ही उन्होंने इंजीनियर्स से अपील की कि वे जनहित को ध्यान में रखते हुए सहयोग करें…ताकि विकास कार्य प्रभावित न हों।
बैठक में संबंधित अधिकारी भी मौजूद रहे और समाधान की दिशा में आगे की प्रक्रिया पर चर्चा की गई।
Uttarakhand STF | ISI Handler Arrest | Dehradun News | National Security | Anti National Activity : उत्तराखंड एसटीएफ को बड़ी सफलता मिली है। टीम ने पाकिस्तानी आईएसआई से जुड़े एक हैंडलर को गिरफ्तार किया है…जो लंबे समय से संदिग्ध गतिविधियों में लिप्त बताया जा रहा था।
एसएसपी एसटीएफ अजय सिंह ने कहा कि आरोपी विक्रांत कश्यप देहरादून में रहकर एक कार वर्कशॉप में काम करता था। जांच में सामने आया कि वह पाकिस्तानी आईएसआई एजेंट शहजाद भट्टी के संपर्क में था और राष्ट्रविरोधी गतिविधियों में शामिल था।
बताया जा रहा है कि आरोपी तहरीक-ए-तालिबान हिंदुस्तान से जुड़े विचारों का प्रचार-प्रसार कर रहा था। सुरक्षा एजेंसियां इस मामले को गंभीरता से लेते हुए उससे पूछताछ कर रही हैं…ताकि उसके नेटवर्क और अन्य संपर्कों का पता लगाया जा सके।
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ राष्ट्रविरोधी गतिविधियों के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
Uttarakhand Success Story | Sandeep Kumar | Champawat Pride | UPSC ASO | Inspiring Youth : चंपावत के एक युवा ने अपनी मेहनत से नई मिसाल कायम की है। कोयाटी ग्राम पंचायत के सिमाड़ गांव निवासी टैक्सी चालक के बेटे संदीप कुमार ने असिस्टेंट सेक्शन ऑफिसर (ASO) परीक्षा पास कर जनपद का नाम रोशन किया है।
संदीप ने ऑल इंडिया में 2016वीं रैंक और अपनी कैटेगरी में 57वीं रैंक हासिल की है। उनकी इस उपलब्धि से पूरे क्षेत्र में खुशी का माहौल है।
संदीप की सफलता आसान नहीं थी। उन्होंने अपनी शुरुआती पढ़ाई गांव के प्राथमिक विद्यालय से की और बाद में जवाहर नवोदय विद्यालय चंपावत में चयनित हुए। इंटर के बाद उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन किया।
खास बात यह है कि संदीप ने पहले ही प्रयास में यह सफलता हासिल की। उनकी इस उपलब्धि पर क्षेत्र के लोगों ने खुशी जताई है।
Uttarakhand School | Rural Education | Migration Impact | Government School Revival : बागेश्वर से एक सकारात्मक खबर सामने आई है….जहां कपकोट तहसील के गोलना गांव में एक सरकारी प्राथमिक विद्यालय को बंद होने से बचा लिया गया। उत्तराखंड में पिछले पांच वर्षों में शून्य छात्र संख्या के कारण 800 से अधिक प्राथमिक विद्यालय बंद हो चुके हैं….जिनकी बड़ी वजह ग्रामीण क्षेत्रों से पलायन और घटती छात्र संख्या रही है।
गोलना का यह विद्यालय भी इसी संकट से गुजर रहा था। पिछले चार वर्षों से स्कूल सिर्फ एक छात्रा के सहारे चल रहा था। इस वर्ष छात्रा के पांचवीं उत्तीर्ण करने के बाद विद्यालय पूरी तरह खाली हो गया और इसके बंद होने का खतरा बढ़ गया।
लेकिन गांव के लोगों ने हार नहीं मानी। ग्राम प्रधान ज्योति शाही, सामाजिक कार्यकर्ता कमल शाही और अभिभावकों ने मिलकर बच्चों का नामांकन इसी स्कूल में कराने का फैसला लिया।
इस सामूहिक प्रयास का असर अब साफ दिख रहा है। जहां पहले स्कूल में सन्नाटा था वहीं अब 10 बच्चों का नामांकन हो चुका है और 5 अन्य बच्चों के दाखिले की प्रक्रिया जारी है।
अभिभावक खष्टी शाही ने कहा कि सरकारी स्कूलों को बचाना हम सभी की जिम्मेदारी है। वहीं प्रधानाध्यापिका मुन्नी गड़िया ने इसे समाज की जागरूकता और शिक्षा के प्रति सकारात्मक सोच का प्रतीक बताया।
गोलना गांव की यह पहल न सिर्फ एक स्कूल के पुनर्जीवन की कहानी है…बल्कि यह दिखाती है कि सामूहिक प्रयास से किसी भी चुनौती का समाधान संभव है।
Uttarakhand Skill Center | Anand Bardhan | ADB Project | Youth Employment | Skill Development : आनंद बर्धन ने राज्य के युवाओं को रोजगार से जोड़ने के लिए बड़ा प्रस्ताव रखा है। इसके तहत उत्तराखंड के हर जिले में मॉडल स्किल सेंटर स्थापित किए जाएंगे…जहां युवाओं को आधुनिक और रोजगारपरक प्रशिक्षण दिया जाएगा।
बताया गया है कि इन केंद्रों में प्रशिक्षण के साथ सर्टिफिकेशन और प्लेसमेंट पर खास ध्यान दिया जाएगा। लक्ष्य यह है कि प्रशिक्षण पूरा करने वाले युवाओं को अधिकतम रोजगार के अवसर मिल सकें।
इन स्किल सेंटरों को विकसित करने में Asian Development Bank का सहयोग लिया जाएगा…जिससे अत्याधुनिक सुविधाओं वाले प्रशिक्षण केंद्र तैयार किए जा सकें।
बैठक के दौरान मुख्य सचिव ने कहा कि राज्य में कई युवा ऐसे हैं जिन्हें उद्योगों की जरूरत के अनुसार प्रशिक्षण नहीं मिल पाता। ऐसे में ये केंद्र युवाओं और उद्योगों के बीच की दूरी को कम करने का काम करेंगे।
इंडस्ट्री से जुड़े होंगे कोर्स
इन केंद्रों को केवल ट्रेनिंग सेंटर नहीं…बल्कि इंडस्ट्री-लिंक्ड हब के रूप में विकसित किया जाएगा। निजी कंपनियों और संस्थानों के सहयोग से ऐसे कोर्स तैयार होंगे…जो सीधे रोजगार से जुड़े होंगे।
स्थानीय जरूरत के हिसाब से ट्रेनिंग
योजना के तहत अलग-अलग क्षेत्रों के अनुसार कोर्स तैयार किए जाएंगे। पहाड़ी इलाकों में पर्यटन, एडवेंचर और हस्तशिल्प पर फोकस रहेगा…जबकि शहरों में आईटी और सर्विस सेक्टर को प्राथमिकता दी जाएगी।
सॉफ्ट स्किल्स पर भी जोर
युवाओं को तकनीकी प्रशिक्षण के साथ-साथ इंटरव्यू की तैयारी, कम्युनिकेशन स्किल और व्यवहारिक ज्ञान भी दिया जाएगा…ताकि वे नौकरी के लिए पूरी तरह तैयार हो सकें।
PM Modi Dehradun Visit | Delhi Dehradun Expressway | DM Dehradun Meeting | Uttarakhand News | Route Plan : नरेन्द्र मोदी के प्रस्तावित दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के लोकार्पण कार्यक्रम के मद्देनजर पूरे रूट को 13 जोन में विभाजित किया गया है…ताकि व्यवस्थाएं सुचारु रूप से संचालित हो सकें।
जिलाधिकारी सविन बंसल ने अधिकारियों के साथ बैठक कर सभी व्यवस्थाओं को समय पर पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा, यातायात, पेयजल, पार्किंग और स्वच्छता जैसी सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा जाए।
प्रशासन के अनुसार प्रधानमंत्री के स्वागत में बड़ी संख्या में लोगों के शामिल होने की संभावना है। इसके लिए पूरे मार्ग पर उचित प्रबंधन और शांति व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।
गढ़ीकैंट स्थित महेंद्र ग्राउंड में मुख्य कार्यक्रम आयोजित होगा….जहां आमजन के बैठने, पेयजल, पार्किंग और मोबाइल शौचालय जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
कार्यक्रम के दौरान मार्ग पर सांस्कृतिक दलों द्वारा उत्तराखंड की लोक संस्कृति की झलक भी देखने को मिलेगी…जिससे आयोजन को भव्य स्वरूप दिया जाएगा।
प्रशासन ने सभी अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ जिम्मेदारियों का निर्वहन करने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए हैं।
CM Dhami | Khateema Program | Ex-Servicemen Honour | Uttarakhand News | Soldier Welfare : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने खटीमा के खेतलसंडा स्थित सीएसडी कैंटीन में आयोजित गौरव सैनिक सम्मान समारोह में हिस्सा लिया। यह कार्यक्रम उनके पिता स्वर्गीय सूबेदार शेर सिंह धामी की छठी पुण्यतिथि पर आयोजित किया गया था।
मुख्यमंत्री ने इस मौके पर सीएसडी कैंटीन और सैनिक मिलन केंद्र का लोकार्पण किया। साथ ही उन्होंने अपने पिता और शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की।
कार्यक्रम के दौरान 60 वीर नारियों और 80 पूर्व सैनिकों को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह उनके लिए भावुक पल है क्योंकि यह आयोजन उनके पिता की स्मृति में हो रहा है। उन्होंने कहा कि उनके पिता के जीवन के आदर्श और संघर्ष आज भी उन्हें प्रेरित करते हैं।
उन्होंने कहा कि एक सैनिक के लिए उसकी वर्दी ही उसका सम्मान और जिम्मेदारी होती है…और यही सीख उन्हें अपने पिता से मिली।
मुख्यमंत्री ने देश की रक्षा क्षेत्र में प्रगति का जिक्र करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत तेजी से रक्षा उत्पादन और निर्यात के क्षेत्र में आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि रक्षा उत्पादन और निर्यात में लगातार बढ़ोतरी हो रही है और भारत अब कई देशों को रक्षा सामग्री उपलब्ध करा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार सैनिकों और शहीदों के परिवारों के कल्याण के लिए लगातार काम कर रही है। शहीदों के परिजनों को दी जाने वाली सहायता राशि बढ़ाई गई है और उन्हें सरकारी नौकरी भी दी जा रही है।
कार्यक्रम में सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी समेत कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।