उत्तराखंड: विधायक के गृह क्षेत्र में महिलाओं के लिए शौचालय नहीं! माहवारी के दौरान युवती की आपबीती ने खड़े किए सवाल

Someshwar News, Women Toilet, Almora News : सोमेश्वर विधानसभा क्षेत्र के प्रमुख बाजार में महिलाओं के लिए सार्वजनिक शौचालय की सुविधा का अभाव अब सवाल खड़े कर रहा है। हाल ही में एक युवती की आपबीती सामने आने के बाद यह मामला चर्चा में है। इंटरनेट मीडिया पर साझा की गई जानकारी के अनुसार माहवारी के दौरान अचानक जरूरत पड़ने पर युवती और उसकी दोस्त को शौचालय के लिए काफी परेशानी उठानी पड़ी।

सोमेश्वर निवासी नेहा खर्कवाल के अनुसार वह अपनी दोस्त के साथ बाजार गई थीं। इसी दौरान उनकी दोस्त को अचानक माहवारी शुरू हो गई। आपात स्थिति में वाशरूम की जरूरत पड़ने पर दोनों चौराहे के पास एक होटल पहुंचीं…लेकिन उन्हें शौचालय इस्तेमाल करने की अनुमति नहीं मिली। होटल की ओर से उन्हें सार्वजनिक शौचालय जाने के लिए कहा गया।

करीब 300 मीटर दूर बताया गया सार्वजनिक शौचालय

नेहा के मुताबिक सार्वजनिक शौचालय करीब 300 मीटर दूर था। वहां पहुंचने पर उन्हें पता चला कि शौचालय में दरवाजा तक नहीं था। इस स्थिति ने महिलाओं और युवतियों के लिए बाजार में उपलब्ध बुनियादी सुविधाओं पर सवाल खड़े कर दिए।

माहवारी के दौरान महिलाओं को परेशानी

नेहा ने अपनी आपबीती साझा करते हुए कहा कि माहवारी महिलाओं के जीवन की सामान्य शारीरिक प्रक्रिया है और इसे लेकर शर्म की जरूरत नहीं है। उनका कहना है कि बाजार जैसी सार्वजनिक जगहों पर महिलाओं के लिए साफ, सुरक्षित और उपयोगी शौचालय होना जरूरी है।

विधायक के गृह क्षेत्र में सुविधा को लेकर सवाल

सोमेश्वर विधानसभा क्षेत्र की विधायक रेखा आर्या राज्य की बाल विकास मंत्री भी हैं। महिला स्वास्थ्य और माहवारी जागरूकता जैसे विषयों को लेकर सरकार की ओर से लगातार जागरूकता अभियान चलाए जाते हैं। ऐसे में विधानसभा क्षेत्र के प्रमुख बाजार में महिलाओं के लिए उचित सार्वजनिक शौचालय की सुविधा नहीं होने का मामला व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रहा है।

अब स्थानीय स्तर पर यह सवाल उठ रहा है कि महिलाओं के सम्मान और स्वच्छता से जुड़ी बुनियादी सुविधाओं को लेकर सोमेश्वर बाजार में स्थायी व्यवस्था कब होगी।

उत्तराखंड: Burger में इस्तेमाल हो रहा था बदबूदार प्याज! McDonald’s पर कार्रवाई, मीट-आइसक्रीम की बिक्री रोकी

Haridwar Food Safety | Food Inspection | McDonalds Action : रक्षाबंधन और जन्माष्टमी पर्व को देखते हुए खाद्य सुरक्षा विभाग ने शनिवार को हरिद्वार, ज्वालापुर, पिरान कलियर और रुड़की में खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच की। टीमों ने रेस्टोरेंट, मिठाई की दुकानों और ऑनलाइन खाद्य कारोबार से जुड़े प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया।

पेंटागन मॉल स्थित मैकडोनाल्ड रेस्टोरेंट की जांच के दौरान खाद्य सुरक्षा अधिकारियों को कटे हुए प्याज की गुणवत्ता खराब मिली। अधिकारियों के अनुसार प्याज से दुर्गंध आ रही थी और उसे खाने योग्य नहीं पाया गया। इसके बाद विभाग ने रेस्टोरेंट में मीट और मीट प्रोडक्ट के साथ आइसक्रीम-डेजर्ट के निर्माण और बिक्री पर रोक लगा दी।

विभाग ने रेस्टोरेंट के खाद्य लाइसेंस के निलंबन की भी संस्तुति की है। जांच के दौरान आइसक्रीम-डेजर्ट में इस्तेमाल होने वाले दो उत्पादों के नमूने लेकर प्रयोगशाला जांच के लिए भेजे गए।

जांच में लेबल से जुड़ी भी अनियमितता

जांच के दौरान खाद्य पदार्थों में इस्तेमाल होने वाले टॉर्टिला रैप के लेबल पर निर्माण और एक्सपायरी तारीख मिटाई हुई मिली। इसके अलावा रेस्टोरेंट के खाद्य लाइसेंस में नए नामिनी का जरूरी इंडोर्समेंट नहीं कराया गया था।

अधिकारियों के अनुसार लाइसेंस में मीट एवं मीट प्रोडक्ट तथा आइसक्रीम एवं डेजर्ट की खाद्य श्रेणियां भी दर्ज नहीं थीं। विभाग ने इन अनियमितताओं को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई की।

ऑनलाइन खाद्य कारोबार में भी मिली कमी

आर्यनगर और ज्वालापुर क्षेत्र में भी खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। आर्यनगर स्थित एक ऑनलाइन खाद्य कारोबार से जुड़े प्रतिष्ठान में कर्मचारियों के मेडिकल रिकॉर्ड, पानी की जांच रिपोर्ट, पेस्ट कंट्रोल और स्टॉक से संबंधित दस्तावेज मौके पर प्रस्तुत नहीं किए जा सके।

खाद्य सामग्री के रखरखाव और भंडारण में भी निर्धारित मानकों का पालन नहीं पाया गया। इस पर प्रतिष्ठान को नोटिस जारी किया गया। इसके अलावा पंजाब की एक देशी घी निर्माता कंपनी को भ्रामक दावों के मामले में नोटिस दिया गया।

पिरान कलियर में उर्स मेले को लेकर जांच

उर्स मेले को देखते हुए पिरान कलियर क्षेत्र में भी खाद्य दुकानों की जांच की गई। टीम ने इलायची दाना, सोन हलवा, सोया रिफाइंड तेल और हल्दी पाउडर के नमूने लिए। इन सभी नमूनों को प्रयोगशाला जांच के लिए भेजा गया है।

रुड़की में मिठाई की दुकानों पर भी कार्रवाई

रुड़की शहर में मिठाई की दुकानों और रेस्टोरेंटों का निरीक्षण किया गया। टीम ने बेसन लड्डू, चॉकलेट बर्फी और चॉकलेट टॉफी के नमूने जांच के लिए लिए। कार्रवाई के दौरान पुरानी तहसील और मुख्य बाजार क्षेत्र में कुछ दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद कर दीं।

12 खाद्य नमूने जांच के लिए भेजे

पूरे अभियान के दौरान खाद्य सुरक्षा विभाग की टीमों ने अलग-अलग प्रतिष्ठानों से कुल 12 खाद्य पदार्थों के नमूने लिए। सभी नमूनों को प्रयोगशाला जांच के लिए भेजा गया है। पर्वों से पहले हुई इस कार्रवाई से खाद्य कारोबारियों में हड़कंप की स्थिति रही।

उत्तराखंड में बारिश का कहर: मालदेवता में सड़क बही…टोंस नदी बढ़ने से मकान पर मंडराया खतरा

Uttarakhand Rain | Landslide Alert | Road Blockage : उत्तराखंड में भारी बारिश और भूस्खलन ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। देहरादून, चमोली समेत कई जिलों में देर रात से बारिश हो रही है….जबकि रुद्रप्रयाग और नैनीताल में सुबह से बारिश का दौर जारी है। लगातार बारिश के कारण नदी-नाले उफान पर हैं और कई जगहों पर मलबा आने से सड़कें बंद हो गई हैं।

प्रदेश में 86 मोटर मार्ग बंद

भारी बारिश के कारण प्रदेश में कई जगह सड़कें मलबे की चपेट में आ गई हैं। फिलहाल 86 मोटर मार्ग अवरुद्ध बताए जा रहे हैं। चमोली में 18 और रुद्रप्रयाग में 13 मार्ग बंद हैं।

पिथौरागढ़ में टनकपुर-तवाघाट राष्ट्रीय राजमार्ग कुलागाड़ के पास बाधित है। कैलास मानसरोवर यात्रा मार्ग भी तीन स्थानों पर बंद बताया गया है। इससे चीन सीमा से संपर्क प्रभावित हुआ है।

चमोली, पिथौरागढ़ और रुद्रप्रयाग के कई गांवों में सड़कें बंद होने से जरूरी सामान की आपूर्ति प्रभावित हुई है। बीमार लोगों को अस्पताल पहुंचाने में भी ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

नैनीताल में हाईवे पर गिरा मलबा

नैनीताल जिले में ज्योलीकोट-अल्मोड़ा हाईवे पर दो गांवों के पास पहाड़ी दरकने से यातायात प्रभावित हुआ। एनएच की टीम मौके पर पहुंचकर मलबा हटाने का काम कर रही है।

मालदेवता में बारिश से सड़क बही

देहरादून के मालदेवता क्षेत्र में भी भारी बारिश का असर देखने को मिला। मालदेवता से सोंदना गांव होते हुए निर्माणाधीन सॉन्ग बांध साइट तक जाने वाली सड़क कुंड गांव के पास बारिश के कारण बह गई।

सड़क टूटने से हिंलासवाली, सौंदना, तौलियाकाटल, रगड़ गांव, घुड़सवाल गांव, शेरा, पसनी, कुंड और हल्द्वाड़ी समेत कई गांवों का संपर्क प्रभावित हुआ है।

दयानगर में मकान पर खतरा

जैंतानवाला की ग्राम सभा दयानगर में भी लगातार बारिश और टोंस नदी के बढ़े जलस्तर से खतरा पैदा हो गया है। यहां सुनीता उपाध्याय के मकान पर भी खतरा मंडरा रहा है। स्थानीय लोगों में बारिश को लेकर चिंता बनी हुई है।

10 जिलों में यलो अलर्ट

मौसम विभाग ने रविवार को उत्तराखंड के 10 जिलों में बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। विभाग ने लोगों से मौसम की जानकारी लेने के बाद ही यात्रा करने की अपील की है। बारिश के दौरान नदी-नालों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई है।

उत्तराखंड में मदरसों पर सख्ती शुरू, दो सील और सात पर कार्रवाई की तैयारी

Uttarakhand News | Madrasa Action | Education Authority : उत्तराखंड में बिना निर्धारित मान्यता और पंजीकरण के संचालित किए जा रहे मदरसों के खिलाफ कार्रवाई शुरू हो गई है। उत्तराखंड अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण की सिफारिश पर हरिद्वार जिले के मंगलौर क्षेत्र में शनिवार को दो मदरसों को सील कर दिया गया।

शिक्षा महानिदेशक आकांक्षा कौंडे और हरिद्वार जिला प्रशासन के अधिकारियों की संयुक्त टीम ने यह कार्रवाई की। वहीं दो अन्य मदरसों को सोमवार तक अपने जरूरी दस्तावेज और अभिलेख प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। प्राधिकरण के चेयरमैन डॉ. सुरजीत सिंह गांधी ने कार्रवाई की पुष्टि की है।

दरअसल मदरसा शिक्षा बोर्ड समाप्त होने के बाद 1 जुलाई 2026 को उत्तराखंड अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण का गठन किया गया। इसके बाद प्रदेश में संचालित मदरसों की मान्यता और पंजीकरण को लेकर प्रक्रिया तय की गई है। प्राधिकरण का उद्देश्य मदरसों को मुख्यधारा की शिक्षा व्यवस्था से जोड़ना भी है।

प्राधिकरण के मुताबिक इसके बावजूद कुछ जगहों पर निर्धारित प्रक्रिया पूरी किए बिना मदरसों के संचालन की शिकायतें सामने आ रही हैं। इन्हीं शिकायतों के आधार पर जांच और कार्रवाई की जा रही है।

ऊधम सिंह नगर में सात मदरसों पर कार्रवाई की तैयारी

प्राधिकरण के चेयरमैन डॉ. सुरजीत सिंह गांधी में कहा कि ऊधम सिंह नगर जिले में सात ऐसे मदरसों की जानकारी मिली है….जो निर्धारित प्रक्रिया के तहत संचालित नहीं किए जा रहे हैं। इन संस्थानों को बंद कर सील करने के लिए संबंधित जिला प्रशासन से कार्रवाई की सिफारिश की गई है।

देहरादून, हरिद्वार और ऊधम सिंह नगर से मिल रही शिकायतें

प्राधिकरण को देहरादून, हरिद्वार और ऊधम सिंह नगर जिलों में बिना निर्धारित प्रक्रिया के संचालित किए जा रहे मदरसों को लेकर शिकायतें मिल रही हैं। इन शिकायतों की जांच के बाद नियमों के अनुसार कार्रवाई की जा रही है।

प्राधिकरण का कहना है कि मान्यता और पंजीकरण की निर्धारित प्रक्रिया का पालन करना जरूरी है। इसी के तहत बिना जरूरी प्रक्रिया के संचालित संस्थानों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रह सकती है।

सावधान! आज इन 8 जिलों में भारी बारिश

Uttarakhand Weather | Heavy Rain Alert | Orange Alert : उत्तराखंड में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। प्रदेश के कई हिस्सों में लगातार बारिश हो रही है और आने वाले दिनों में भी भारी बारिश से राहत मिलने की संभावना कम है। मौसम विभाग ने 2 सितंबर तक कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।

मौसम विभाग के अनुसार अगस्त के आखिरी दिनों और सितंबर की शुरुआत में नए कम दबाव वाले मौसमी सिस्टम बनने का असर उत्तराखंड में देखने को मिल सकता है। इसके चलते बारिश का सिलसिला आगे भी जारी रहने की संभावना है।

रविवार को आठ जिलों में यलो अलर्ट

मौसम विभाग ने रविवार को देहरादून, पौड़ी, टिहरी, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़, चमोली, नैनीताल और बागेश्वर में भारी बारिश की संभावना जताई है। इन जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है।

इसके अलावा चंपावत, ऊधम सिंह नगर समेत प्रदेश के अन्य जिलों में भी गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। कुछ स्थानों पर बारिश का दौर तेज से बेहद तेज होने की आशंका जताई गई है। आकाशीय बिजली को लेकर भी लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

सोमवार को चार जिलों में ऑरेंज अलर्ट

सोमवार को मौसम और ज्यादा खराब रहने का अनुमान है। मौसम विभाग ने देहरादून, बागेश्वर, चमोली और नैनीताल के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है।

बारिश के साथ आकाशीय बिजली चमकने और कुछ स्थानों पर बेहद तेज बारिश होने की भी आशंका है। ऐसे में लोगों को मौसम की स्थिति पर नजर रखने और जरूरी होने पर ही यात्रा करने की सलाह दी गई है।

दून में बारिश से जलभराव

देहरादून में शुक्रवार रात हुई तेज बारिश के बाद शनिवार शाम भी जोरदार बारिश हुई। करीब दो घंटे की बारिश से शहर के कई हिस्सों में जलभराव की स्थिति बन गई। कई सड़कों पर पानी भरने से लोगों को आवाजाही में परेशानी हुई। बारिश के कारण आसपास की नदियों और नालों का जलस्तर भी बढ़ गया।

मध्य सितंबर से मानसून की विदाई की संभावना

मौसम विभाग के अनुसार नए मौसमी सिस्टम के प्रभाव से अगले कुछ दिनों तक बारिश का दौर जारी रह सकता है। हालांकि सितंबर के मध्य से उत्तराखंड में मानसून की विदाई की प्रक्रिया धीरे-धीरे शुरू होने की संभावना है।

बारिश के दौरान लोगों को नदी-नालों के आसपास जाने से बचने और मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करने की सलाह दी गई है।

हल्द्वानी: डिजिटल मीडिया संस्थानों ने विज्ञापन दर बढ़ाने की उठाई मांग, CM धामी ने दिया आश्वासन

Digital Media | Haldwani | Uttarakhand : उत्तराखंड में डिजिटल मीडिया संस्थानों और न्यूज पोर्टल्स की समस्याओं को लेकर हिमालय डिजिटल मीडिया एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को ज्ञापन सौंपा। एसोसिएशन ने सूचना विभाग में सूचीबद्ध डिजिटल मीडिया संस्थानों, न्यूज पोर्टल्स और वेबसाइटों की विज्ञापन दरों में मौजूदा परिस्थितियों के अनुसार बढ़ोतरी करने की मांग की।

डिजिटल मीडिया की बढ़ती भूमिका

एसोसिएशन ने कहा कि डिजिटल मीडिया आज खबरों और जरूरी सूचनाओं को लोगों तक पहुंचाने का तेज माध्यम बन चुका है। उत्तराखंड जैसे भौगोलिक रूप से कठिन राज्य में दूरदराज के गांवों से लेकर शहरों तक सरकारी योजनाओं, विकास कार्यों, जनसमस्याओं, आपदा और मौसम की जानकारी पहुंचाने में न्यूज पोर्टल्स अहम भूमिका निभा रहे हैं।

बढ़ते खर्च का दिया हवाला

ज्ञापन में कहा गया कि डिजिटल मीडिया संस्थानों के संचालन का खर्च लगातार बढ़ रहा है। वेबसाइट की होस्टिंग और सर्वर, डोमेन, तकनीकी रखरखाव, पत्रकारों और संवाददाताओं का मानदेय, कैमरा व अन्य उपकरण, वीडियो एडिटिंग, ग्राफिक्स, परिवहन, सोशल मीडिया संचालन और कंटेंट तैयार करने पर खर्च बढ़ा है।

एसोसिएशन का कहना है कि सूचना विभाग की मौजूदा विज्ञापन दरें इन बढ़ती लागतों के अनुरूप नहीं हैं। ऐसे में विज्ञापन दरों में उचित और सम्मानजनक बढ़ोतरी की जरूरत है।

छोटे न्यूज पोर्टल्स को मिलेगी मदद

एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री से अनुरोध किया कि डिजिटल मीडिया संस्थानों की आर्थिक और व्यावहारिक स्थिति को देखते हुए विज्ञापन दरों में आवश्यक बदलाव के लिए सूचना विभाग को उचित दिशा-निर्देश दिए जाएं।

एसोसिएशन के मुताबिक विज्ञापन दरों में बढ़ोतरी होने से छोटे और मध्यम स्तर के न्यूज पोर्टल्स को नियमित और गुणवत्तापूर्ण पत्रकारिता जारी रखने में मदद मिलेगी।

सांसद अजय भट्ट ने भी उठाया मुद्दा

इस मामले को लेकर नैनीताल-ऊधम सिंह नगर सांसद अजय भट्ट ने भी मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को पत्र भेजा है। उन्होंने डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता से जुड़े संस्थानों की मांगों पर ध्यान देते हुए आवश्यक कार्रवाई का अनुरोध किया है।

पर्वतीय पत्रकार संघ ने भी रखीं मांगें

वहीं पर्वतीय पत्रकार संघ ने भी पत्रकारों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को लेकर मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा। संघ ने पत्रकारों की समस्याओं के समाधान और उनके हितों से जुड़े विषयों पर कार्रवाई की मांग रखी।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पत्रकारों और डिजिटल मीडिया संस्थानों से जुड़े मुद्दों पर सकारात्मक रुख अपनाते हुए उचित समाधान का आश्वासन दिया है।

साइबर ठगी से बचना है तो तुरंत करें ये काम, पुलिस ने मोबाइल यूजर्स को किया अलर्ट

Cyber Security | Pithoragarh | Mobile Safety : आज के समय में मोबाइल फोन सिर्फ बातचीत का साधन नहीं है। इसमें बैंकिंग से जुड़ी जानकारी, फोटो, दस्तावेज, पासवर्ड और कई जरूरी निजी डेटा मौजूद रहता है। यही वजह है कि साइबर अपराधी अब मोबाइल यूजर्स को निशाना बनाने के लिए फर्जी लिंक, APK फाइल और नकली वेबसाइट का इस्तेमाल कर रहे हैं।

पिथौरागढ़ साइबर सेल ने लोगों को ऐसे ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचाने के लिए एडवाइजरी जारी की है। साइबर सेल ने Android मोबाइल में उपलब्ध Advanced Protection और Device Protection जैसे सुरक्षा फीचर को सक्रिय रखने की सलाह दी है।

मोबाइल में ऐसे ऑन करें सुरक्षा फीचर

साइबर सेल के अनुसार मोबाइल की सुरक्षा बढ़ाने के लिए यूजर्स को सबसे पहले फोन की Settings में जाना होगा। इसके बाद Google विकल्प में जाकर All Services पर क्लिक करें। यहां Advanced Protection विकल्प में जाकर Device Protection को सक्रिय किया जा सकता है।

APK फाइल डाउनलोड करने से बचें

साइबर ठग अक्सर WhatsApp और दूसरे मैसेजिंग प्लेटफॉर्म के जरिए APK फाइल भेजते हैं। ये फाइलें कभी सरकारी सेवा, बैंक, नौकरी, बिजली बिल या किसी अन्य जरूरी काम के नाम पर भेजी जा सकती हैं।

अनजान स्रोत से आई APK फाइल डाउनलोड करने पर मोबाइल में मालवेयर पहुंच सकता है…और निजी जानकारी चोरी होने का खतरा बढ़ जाता है।

फर्जी लिंक पर क्लिक करना पड़ सकता है भारी

साइबर अपराधी आकर्षक मैसेज भेजकर लोगों को फर्जी लिंक पर क्लिक करने के लिए भी उकसाते हैं। लिंक खोलने के बाद असली जैसी दिखने वाली नकली वेबसाइट सामने आ सकती है….जहां बैंकिंग या निजी जानकारी भरने के लिए कहा जाता है।

ऐसी जानकारी मिलने के बाद ठग उसका गलत इस्तेमाल कर आर्थिक नुकसान पहुंचा सकते हैं। इसलिए अनजान नंबर या संदिग्ध स्रोत से मिले लिंक पर क्लिक करने से बचना चाहिए।

मोबाइल में मौजूद निजी डेटा भी निशाने पर

आज मोबाइल में फोटो, जरूरी दस्तावेज, पासवर्ड, बैंकिंग ऐप और दूसरी संवेदनशील जानकारी रहती है। ऐसे में फोन की सुरक्षा को नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है।

पिथौरागढ़ साइबर सेल प्रभारी नीरज भाकुनी ने लोगों से सुरक्षा फीचर सक्रिय रखने और अनजान लिंक या APK फाइल से दूर रहने की अपील की है। उन्होंने कहा कि OTP, पासवर्ड, बैंकिंग PIN और दूसरी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा नहीं करनी चाहिए।

साइबर ठगी से बचने के लिए मोबाइल की सुरक्षा सेटिंग को अपडेट रखना और किसी भी संदिग्ध मैसेज पर तुरंत भरोसा न करना बेहद जरूरी है।

रुद्रपुर में बारावफात जुलूस के बाद बड़ा एक्शन, भड़काऊ भाषण के आरोप में मुफ्ती मुजीब गिरफ्तार

Rudrapur News | Barawafat Procession | Police Action : बारावफात जुलूस के दौरान त्रिशूल चौक पर दिए गए एक भाषण को लेकर पुलिस ने कार्रवाई की है। पुलिस ने रामपुर के दड़ियाल टांडा निवासी मुफ्ती मुजीब को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में मदरसों को लेकर बयान और ईदगाह की जमीन वापस करने की मांग की गई थी।

सोशल मीडिया पर वीडियो सामने आने के बाद कार्रवाई

जानकारी के मुताबिक बुधवार को रुद्रपुर में बारावफात का जुलूस निकाला गया था। जुलूस के दौरान त्रिशूल चौक पर एक सभा हुई। इसके बाद गुरुवार को सभा में दिए गए भाषण का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया।

वीडियो में मुफ्ती मुजीब मदरसों को बंद करने की बात पर प्रतिक्रिया देते नजर आ रहे हैं। पुलिस के अनुसार भाषण में कथित तौर पर परिणाम भुगतने की चेतावनी भी दी गई थी।

ईदगाह की जमीन वापस करने की मांग

वीडियो में मुफ्ती मुजीब मदरसों की भूमिका का जिक्र करते हुए दिखाई दे रहे हैं। साथ ही उन्होंने ईदगाह की जमीन वापस करने की मांग भी रखी।

वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की और प्राथमिकी दर्ज की।

पूछताछ के बाद हुई गिरफ्तारी

पुलिस ने शुक्रवार देर रात मुफ्ती मुजीब को हिरासत में लेकर पूछताछ की। रम्पुरा चौकी प्रभारी के अनुसार पूछताछ पूरी होने के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया है।

पुलिस अब मामले से जुड़े वीडियो और अन्य तथ्यों की जांच कर रही है। आरोपी को शनिवार को अदालत में पेश किया जाएगा।

सावधान: अधिकारी तो दूर, अब जज भी निशाने पर! जिला जज की फोटो से बनाया फर्जी WhatsApp

Cyber Fraud | Haridwar News | Fake WhatsApp : साइबर ठगी करने वाले अब लोगों को भरोसे में लेने के लिए बड़े अधिकारियों और न्यायिक अधिकारियों के नाम और फोटो का इस्तेमाल कर रहे हैं। हरिद्वार में जिला जज की फोटो लगाकर फर्जी WhatsApp अकाउंट बनाने और उसके जरिए लोगों से पैसों की मांग करने का मामला सामने आया है।

मामले की जानकारी मिलने के बाद जिला न्यायालय प्रशासन ने पुलिस से शिकायत की। शिकायत के आधार पर सिडकुल कोतवाली पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

जिला जज की फोटो से बनाया फर्जी अकाउंट

पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार अपर जिला जज, लक्सर की ओर से कुछ WhatsApp चैट के स्क्रीनशॉट उपलब्ध कराए गए थे। इन चैट में जिस WhatsApp अकाउंट से लोगों को संदेश भेजे जा रहे थे….उसमें जिला जज की फोटो लगी हुई थी।

चैट के जरिए लोगों से पैसों की मांग की जा रही थी। जांच में पता चला कि इस्तेमाल किया जा रहा WhatsApp नंबर **जिला जज का नहीं है। जिला जज की ओर से भी किसी व्यक्ति को इस तरह के संदेश भेजने की पुष्टि नहीं हुई।

कोर्ट प्रशासन ने पुलिस से की कार्रवाई की मांग

मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला न्यायालय के मुख्य प्रशासनिक अधिकारी की ओर से पुलिस को तहरीर दी गई। पुलिस को फर्जी WhatsApp चैट के स्क्रीनशॉट और अन्य जानकारी भी उपलब्ध कराई गई है।

शिकायत के आधार पर सिडकुल कोतवाली पुलिस ने संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।

डिजिटल सबूतों से आरोपी तक पहुंचने की कोशिश

पुलिस अब फर्जी WhatsApp अकाउंट बनाने वाले व्यक्ति की पहचान करने में जुटी है। इसके लिए WhatsApp नंबर, चैट और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस फर्जी अकाउंट के पीछे कौन लोग सक्रिय हैं।

सिडकुल कोतवाली प्रभारी अजय शाह ने कहा कि मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। आरोपी के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

पहले भी अधिकारियों के नाम से हो चुकी है ठगी की कोशिश

साइबर अपराधियों द्वारा अधिकारियों और प्रतिष्ठित लोगों की फोटो का इस्तेमाल कर फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट बनाने के मामले पहले भी सामने आ चुके हैं। हरिद्वार में इससे पहले पूर्व एसएसपी के नाम और फोटो से फर्जी Facebook अकाउंट बनाए जाने और लोगों से पैसों की मांग किए जाने का मामला सामने आया था।

जिला जज की फोटो का इस्तेमाल कर फर्जी WhatsApp अकाउंट से पैसे मांगने का ताजा मामला सामने आने के बाद पुलिस ने भी लोगों से ऐसे संदेशों को लेकर सतर्क रहने की अपील की है। किसी अधिकारी या परिचित के नाम से पैसे मांगने वाला संदेश आए तो बिना पुष्टि किए रकम भेजने से बचना चाहिए।

31 अगस्त और 1 सितंबर को संभलकर रहें! उत्तराखंड में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट

Uttarakhand Weather | Orange Alert | Heavy Rain : उत्तराखंड में अगले कुछ दिनों तक बारिश का दौर जारी रहने वाला है। मौसम विज्ञान केंद्र देहरादून ने 3 सितंबर तक का पूर्वानुमान जारी किया है। इसके अनुसार 31 अगस्त और 1 सितंबर को राज्य के कुछ जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है। इन दोनों दिनों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।

29 अगस्त को सभी जिलों में बारिश की संभावना

मौसम विभाग के अनुसार शनिवार 29 अगस्त को उत्तराखंड के सभी जिलों में कई जगह हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़, चमोली, नैनीताल और बागेश्वर में कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने की संभावना है।

अन्य जिलों में भी बारिश के तेज दौर देखने को मिल सकते हैं।

30 अगस्त को इन जिलों में भारी बारिश

रविवार 30 अगस्त को भी प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश का अनुमान है। रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़, चमोली, नैनीताल, चंपावत, ऊधम सिंह नगर और बागेश्वर में कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है।

वहीं बाकी जिलों में भी बारिश के तेज से बहुत तेज दौर आने की संभावना जताई गई है।

31 अगस्त को इन तीन जिलों में ऑरेंज अलर्ट

सोमवार 31 अगस्त को मौसम को लेकर विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। देहरादून, बागेश्वर और नैनीताल में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है। इन जिलों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने यहां ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।

इसके अलावा टिहरी, पौड़ी, रुद्रप्रयाग, चमोली, पिथौरागढ़, उत्तरकाशी, चंपावत और ऊधम सिंह नगर में भारी बारिश और वज्रपात की संभावना को देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया गया है।

1 सितंबर को फिर ऑरेंज अलर्ट

मंगलवार 1 सितंबर को भी बारिश से राहत मिलने के आसार कम हैं। देहरादून और टिहरी में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। दोनों जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।

इसके अलावा पौड़ी, उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, नैनीताल और हरिद्वार में कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने की संभावना है।

भूस्खलन और सड़क बंद होने का भी खतरा

मौसम विभाग ने 31 अगस्त और 1 सितंबर को संवेदनशील इलाकों में बारिश के कारण भूस्खलन और चट्टान खिसकने की आशंका जताई है। इसके चलते स्थानीय सड़कों और राष्ट्रीय राजमार्गों पर आवाजाही प्रभावित हो सकती है। कुछ स्थानों पर बिजली गिरने का खतरा भी बताया गया है।

2 और 3 सितंबर को भी बारिश जारी रहेगी

मौसम विभाग के अनुसार 2 और 3 सितंबर को भी उत्तराखंड के सभी जिलों में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। यानी अगले कुछ दिनों तक प्रदेश में मौसम पूरी तरह साफ होने की संभावना नहीं है।

ऐसे में पहाड़ी इलाकों में यात्रा करने वाले लोगों को मौसम की स्थिति देखकर ही सफर करने और संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।