सस्ता होगा दूध का पैकेट, कंपनी ने कर दिया ऐलान

Milk: GST: Price: भारत सरकार द्वारा नवरात्रि से पहले जीएसटी दरों में बड़ी कटौती किए जाने का असर अब दैनिक उपयोग की आवश्यक वस्तुओं पर दिखने लगा है। इसी कड़ी में दिल्ली की प्रतिष्ठित मदर डेयरी ने घोषणा की है कि वह जीएसटी में हुई 100 प्रतिशत कमी का लाभ उपभोक्ताओं तक सीधे पहुंचाएगी।

कंपनी के अनुसार, 22 सितंबर से उसके सभी उत्पाद सस्ते हो जाएंगे। उदाहरण के तौर पर, एक लीटर टेट्रा पैक टोन्ड दूध की कीमत 77 रुपये से घटकर 75 रुपये हो जाएगी। वहीं, 450 एमएल डबल टोन्ड दूध अब 33 रुपये की जगह 32 रुपये में मिलेगा। इसके अलावा, मदर डेयरी के अन्य उत्पादों के दामों में भी कमी की जाएगी।

नहीं सुधरा हाकम सिंह, नकल मामले में फिर हुआ गिरफ्तार

Hakam Singh: Uttarakhand: Cheating: देहरादून पुलिस और उत्तराखंड एसटीएफ ने संयुक्त अभियान चलाते हुए नकल माफिया हाकम सिंह और उसके सहयोगी पंकज गौड़ को गिरफ्तार किया है। दोनों पर प्रतियोगी परीक्षाओं में अभ्यर्थियों से पास कराने के नाम पर मोटी रकम वसूलने का आरोप है।

जानकारी के मुताबिक, 21 सितंबर को आयोजित अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की स्नातक स्तरीय परीक्षा को देखते हुए पुलिस और एसटीएफ टीम संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रख रही थी। इसी दौरान हाकम सिंह और पंकज गौड़ की संदिग्ध हरकतों का पता चला। जांच में सामने आया कि पंकज गौड़ अभ्यर्थियों से संपर्क कर 12 से 15 लाख रुपये तक की मांग कर रहा था।

गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में दोनों ने कबूल किया कि यदि चयन अपने आप हो जाता, तो वे पैसे हड़प लेते और असफल अभ्यर्थियों को अगली परीक्षा में मदद का झांसा देते। हालांकि, पुलिस ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा की गोपनीयता और निष्पक्षता से कोई समझौता नहीं हुआ है।

फिलहाल दोनों आरोपितों के खिलाफ उत्तराखंड प्रतियोगी परीक्षा (भर्ती में अनुचित साधनों की रोकथाम) अध्यादेश 2023 के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।

उत्तराखंड के पर्वतीय इलाकों में तेज बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना

Uttarakhand : Weather: Rain: Alert: उत्तराखंड के पर्वतीय इलाकों में आज तेज बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। मौसम विज्ञान केंद्र ने देहरादून सहित टिहरी, पौड़ी और हरिद्वार जिलों के कुछ हिस्सों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। वहीं, अन्य जिलों में भी भारी बारिश होने की आशंका जताई गई है।

इस बार मॉनसून के दौरान सामान्य से कहीं अधिक बारिश हो चुकी है। आंकड़ों के अनुसार, राज्य में अब तक सामान्य से 70 प्रतिशत अधिक वर्षा दर्ज की गई है। सबसे अधिक बारिश बागेश्वर और देहरादून में हुई है। केवल देहरादून में ही 1 से 19 सितंबर के बीच 446.5 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य से 160 प्रतिशत ज्यादा है। मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि मॉनसून की विदाई से पहले यह आंकड़ा और भी बढ़ सकता है।

आपदा वाले दिन देहरादून की सहस्त्रधारा क्षेत्र में मात्र 24 घंटे (सुबह 8:30 बजे तक) में 264.0 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई थी, जो सामान्य से काफी अधिक है।

आम तौर पर सितंबर के अंतिम सप्ताह में मॉनसून विदा हो जाता है, लेकिन इस बार लगातार बारिश के कारण विदाई में देरी हो रही है। लोगों में अब बारिश से बेचैनी और थकान साफ दिखाई दे रही है। फिलहाल, मौसम विज्ञान केंद्र ने मॉनसून की विदाई की तिथि घोषित नहीं की है।

बारिश और आपदाओं के बीच अब तक देहरादून में 30 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 10 लोग अब भी लापता हैं। उनकी तलाश के लिए एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें लगातार अभियान चला रही हैं।

वहीं, आपदा प्रभावित क्षेत्रों में मलबे के नीचे दबे पशुओं के अवशेष अब लोगों के लिए नई स्वास्थ्य चुनौती बनते जा रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, इन अवशेषों से कई प्रकार के वायरस पनप सकते हैं, जो हवा और पानी के माध्यम से लोगों के शरीर में प्रवेश कर सकते हैं। शुरुआत में इनमें बुखार, सिरदर्द और पेट दर्द जैसी समस्याएं दिखती हैं, लेकिन बाद में ये वायरस किडनी, फेफड़े और दिमाग को भी संक्रमित कर सकते हैं।

काठगोदाम से मुंबई सेंट्रल ट्रेन के संचालन में हुआ बदलाव

Uttarakhand: Train: Mumbai: काठगोदाम से मुंबई सेंट्रल के लिए चलने वाली ट्रेन में सफर करने वाले यात्रियों के लिए महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई है। रेलवे प्रशासन ने इस ट्रेन को शॉर्ट-टर्मिनेट करने का फैसला लिया है। अब यह ट्रेन काठगोदाम से बोरीवली तक ही चलाई जाएगी और बोरीवली से आगे मुंबई सेंट्रल स्टेशन तक का संचालन अगले आदेश तक स्थगित रहेगा।

पूर्वोत्तर रेलवे इज्जतनगर मंडल के वरिष्ठ वाणिज्य प्रबंधक (डीसीएम) संजीव शर्मा ने बताया कि पश्चिमी रेलवे के मुंबई सेंट्रल स्टेशन पर प्लेटफार्म नंबर-3 और पिट लाइन पर इंजीनियरिंग कार्य होना है। इस कारण से ट्रेन का संचालन आंशिक रूप से प्रभावित किया गया है।

रेलवे के मुताबिक, 18 सितंबर से काठगोदाम से चलने वाली ट्रेन संख्या 09076 काठगोदाम-मुंबई सेंट्रल को बोरीवली में ही शॉर्ट-टर्मिनेट किया जाएगा। बोरीवली से मुंबई सेंट्रल तक की दूरी के लिए यह ट्रेन फिलहाल रद्द रहेगी। रेलवे ने कहा है कि यह व्यवस्था अगले आदेश तक लागू रहेगी।

गौरतलब है कि काठगोदाम से मुंबई तक जाने वाले यात्रियों के लिए यह ट्रेन काफी महत्वपूर्ण मानी जाती है, क्योंकि यह उत्तराखंड के कुमाऊं क्षेत्र को सीधे देश की आर्थिक राजधानी से जोड़ती है। ऐसे में अब बोरीवली तक पहुंचने के बाद यात्रियों को मुंबई सेंट्रल जाने के लिए अन्य विकल्पों जैसे लोकल ट्रेन या टैक्सी का सहारा लेना पड़ेगा।

रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि यात्रा की योजना बनाते समय इस बदलाव को ध्यान में रखें और आगे की यात्रा के लिए वैकल्पिक साधनों की जानकारी पहले से कर लें। अधिकारियों का कहना है कि जैसे ही मुंबई सेंट्रल स्टेशन पर इंजीनियरिंग कार्य पूरा होगा, ट्रेन का संचालन फिर से पूर्व निर्धारित व्यवस्था के अनुसार शुरू कर दिया जाएगा।

उत्तराखंड में एसआईआर, मतदाता सूची का होगा पुनरीक्षण

देहरादून: उत्तराखंड में मतदाता सूची के पुनरीक्षण की तैयारी तेज हो गई है। निर्वाचन आयोग जल्द ही विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया शुरू करने जा रहा है। इसके तहत इस साल की मतदाता सूची का मिलान वर्ष 2003 की मतदाता सूची से किया जाएगा।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय में एसआईआर को लेकर टेबल टॉप एक्सरसाइज की गई, जिसमें अधिकारियों ने विभिन्न बिंदुओं पर समीक्षा की। मतदाता सूची के इस पुनरीक्षण अभियान से चुनावी प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी बनाने की दिशा में कदम बढ़ाया जा रहा है।

इधर, एसआईआर को लेकर प्रदेश की सियासत में भी हलचल बढ़ गई है। राजनीतिक दल मतदाता सूची में गड़बड़ियों और नए पंजीकरण को लेकर सक्रिय हो गए हैं। माना जा रहा है कि पुनरीक्षण की इस कवायद का सीधा असर आगामी चुनावों पर देखने को मिलेगा।

उत्तराखंड में जारी रहेगा बारिश का दौर, मौसम विभाग ने जारी की सूची

Uttarakhand: Rain:उत्तराखंड में बारिश का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। मौसम विभाग ने देहरादून, पौड़ी, नैनीताल, बागेश्वर, टिहरी और हरिद्वार जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। वहीं उत्तरकाशी, चमोली और रुद्रप्रयाग के कुछ हिस्सों में येलो अलर्ट दिया गया है।

इस बार का मानसून सीजन प्रदेश के लिए भारी तबाही लेकर आया है। पहाड़ से लेकर मैदान तक आपदा का असर देखने को मिल रहा है। चमोली जनपद के नंदानगर क्षेत्र में आई आपदा में अब तक 12 लोग लापता हो गए हैं, जिनमें से दो के शव बरामद हो चुके हैं। वहीं 20 से अधिक लोग घायल हुए हैं। राहत एवं बचाव दल ने 16 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद मलबे से एक व्यक्ति को जिंदा बाहर निकाला।

नंदानगर में भूस्खलन और बाढ़ की वजह से 30 से अधिक घर बह गए हैं। बताया जा रहा है कि यहां तीन क्षेत्रों में सबसे ज्यादा तबाही हुई है। बिनसर पहाड़ी की चोटी के दोनों ओर बादल फटने से पानी की तीन धाराएं बनीं, जिसने सेंती लगा कुंतरी, फला लगा कुंतरी और धुरमा गांव को भारी नुकसान पहुंचाया।

वहीं, देहरादून आपदा में भी चार और शव बरामद किए गए हैं। यहां मृतकों की संख्या बढ़कर 27 हो गई, जबकि 13 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं।

लगातार हो रही प्राकृतिक आपदाओं से लोगों में दहशत का माहौल है। रात के समय लोग चैन की नींद नहीं सो पा रहे। बिजली की चमक और बादलों की गड़गड़ाहट लोगों को डराने लगी है।

पिथौरागढ़ निवासी नन्हीं परी मामले में पुनर्विचार याचिका दायर होगी

Pithoragah News: Uttarakhand: CM Dhami: वर्ष 2014 में काठगोदाम क्षेत्र में पिथौरागढ़ निवासी सात वर्षीय बच्ची नन्हीं परी के साथ हुई दरिंदगी के मामले में सरकार सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा एक बार फिर खटखटाएगी। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस मामले में पुनर्विचार याचिका दायर करने और मजबूत पैरवी के निर्देश दिए हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि लोअर कोर्ट और हाईकोर्ट से दोषी को सजा मिल चुकी थी, लेकिन सुप्रीम कोर्ट से वह बरी हो गया। ऐसे में न्याय विभाग को निर्देशित किया गया है कि पुनर्विचार याचिका दायर कर सख्त कानूनी लड़ाई लड़ी जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि बेटियों के साथ दरिंदगी करने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।

धामी ने कहा कि सरकार इस प्रकरण में अच्छी से अच्छी लीगल टीम लगाएगी ताकि पीड़िता को न्याय मिल सके। उन्होंने यह भी जोड़ा कि देवभूमि की गरिमा पर चोट करने वालों को सख्त सजा दिलाना सरकार की प्राथमिकता है। न्याय की इस लड़ाई में राज्य सरकार पीड़ित परिवार के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में अपराधियों की पहचान और रोकथाम के लिए लगातार सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि देवभूमि की अस्मिता और बेटियों की सुरक्षा के साथ किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा।

उत्तराखंड डीएलएड 2025: ग्रेजुएट युवाओं के लिए बड़ा मौका, जानिए आवेदन की पूरी प्रक्रिया

Uttarakhand: D.El.Ed Exam 2025: उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद, रामनगर (नैनीताल) ने द्विवर्षीय डीएलएड (D.El.Ed) प्रशिक्षण 2025 के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है। इच्छुक उम्मीदवार 7 सितंबर से 6 अक्टूबर 2025 की रात 11:59 बजे तक आधिकारिक पोर्टल पर आवेदन कर सकते हैं।

आवेदन शुल्क जमा करने की अंतिम तिथि 8 अक्टूबर 2025 तय की गई है, जबकि ऑनलाइन फॉर्म में संशोधन करने का अवसर 13 अक्टूबर से 16 अक्टूबर तक उपलब्ध रहेगा। इसके बाद 22 नवंबर 2025 को सुबह 10:00 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक राज्य के विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश परीक्षा आयोजित की जाएगी।

महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश

  • अभ्यर्थी के पास सक्रिय मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी होना आवश्यक है।
  • एक ही मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी से केवल एक उम्मीदवार का पंजीकरण स्वीकार किया जाएगा।
  • आवेदन केवल ऑनलाइन माध्यम से ही मान्य होगा।
  • आवेदन करने से पूर्व उम्मीदवारों को आधिकारिक वेबसाइट से सूचना पुस्तिका डाउनलोड कर पूरी जानकारी ध्यान से पढ़ने की सलाह दी गई है।
  • अभ्यर्थी सुनिश्चित कर लें कि वे निर्धारित पात्रता मानकों को पूरा करते हैं, अन्यथा उनका आवेदन निरस्त किया जा सकता है।

आवेदन शुल्क

  • सामान्य एवं ओबीसी उम्मीदवार: ₹600
  • अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति: ₹300
  • सभी वर्गों के दिव्यांग उम्मीदवार: ₹150

पात्रता
डीएलएड प्रवेश परीक्षा 2025 में सम्मिलित होने के लिए उम्मीदवार का स्नातक (Graduation) होना अनिवार्य है।

आधिकारिक वेबसाइट: www.ukdeled.com

उत्तराखंड में आज मूसलाधार बारिश की आशंका ,कई जिलों में अलर्ट जारी

Uttarakhand News: Uttarakhand Weather Update: उत्तराखंड में लगातार हो रही बारिश ने जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है। बीती रात से पहाड़ से लेकर मैदान तक झमाझम बारिश का सिलसिला जारी है। चमोली जिले में बादल फटने की घटना के साथ ही कई जगह भूस्खलन की खबरें आई हैं। वहीं निचले इलाकों में नदियां उफान पर हैं और कॉलोनियों में पानी घुसने से लोग परेशानी में हैं।

मौसम विभाग के अनुसार, देहरादून, टिहरी, पौड़ी, हरिद्वार, चमोली, नैनीताल, बागेश्वर और पिथौरागढ़ में आज भारी बारिश और गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की संभावना है। इसे देखते हुए यलो अलर्ट जारी किया गया है। अन्य जिलों में भी तेज बौछारों और बिजली गिरने की चेतावनी दी गई है।

बारिश का सबसे ज्यादा असर नरेंद्रनगर, मसूरी और देहरादून में देखने को मिला, जहां रातभर में क्रमशः 175 मिमी, 120 मिमी और करीब 90 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। हरिद्वार और ऋषिकेश में भी देर रात से तेज बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं।

लगातार बारिश के चलते पुलिस, एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें अलर्ट पर हैं। नदी किनारे आवाजाही पर रोक लगा दी गई है और लाउडस्पीकर से लगातार लोगों से सावधानी बरतने की अपील की जा रही है। कर्लिगार्ड, फुलेत और प्रेमनगर जैसे इलाकों में हालात ज्यादा गंभीर बने हुए हैं, जहां लोग डर के साये में रह रहे हैं।

पिछले 12 घंटों में किसी बड़ी आपदा की सूचना नहीं है, लेकिन लगातार बढ़ रहा नदियों का जलस्तर खतरे का संकेत दे रहा है। प्रशासन ने लोगों से एहतियात बरतने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है।

भारी बारिश से चमोली में आपदा, बादल फटने से 10 लोग लापता

Uttarakhand News: Chamoli Cloudburst Update: उत्तराखंड में लगातार हो रही बारिश अब आपदा का रूप ले चुकी है। देहरादून के बाद चमोली जिले से भी बड़े हादसे की खबर सामने आई है। मंगलवार देर रात नंदानगर क्षेत्र के कुंतरी और धुरमा गांव में बादल फटने से भारी नुकसान हुआ है। कई घर मलबे में दब गए, जबकि 10 लोगों के लापता होने की पुष्टि हुई है।

जानकारी के अनुसार, कुंतरी गांव में छह मकान पूरी तरह जमींदोज हो गए। यहां आठ लोग लापता हैं, जबकि दो को सुरक्षित निकाल लिया गया है। आशंका जताई जा रही है कि कुछ लोग अभी भी मलबे में फंसे हो सकते हैं। वहीं, धुरमा गांव में चार से पांच मकानों को नुकसान पहुंचा है और दो लोग लापता हैं।

भारी बारिश के चलते मोक्ष नदी का जलस्तर भी अचानक बढ़ गया है, जिससे हालात और गंभीर हो गए हैं। राहत और बचाव कार्य के लिए एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंच गई है, जबकि एनडीआरएफ की टीम गोचर से रवाना कर दी गई है। जिला प्रशासन ने मेडिकल टीम और 108 एंबुलेंस भी भेज दी हैं। जेसीबी मशीनें मलबा हटाने में जुटी हैं।

लापता लोगों की सूची
कुंतरी गांव:

  • कुंवर सिंह (42)
  • कांता देवी (38)
  • विकास (10)
  • विशाल (10)
  • नरेंद्र सिंह (40)
  • जगदम्बा प्रसाद (70)
  • भागा देवी (65)
  • देवेश्वरी देवी (65)

धुरमा गांव:

  • गुमान सिंह (75)
  • ममता देवी (38)

जिलाधिकारी संदीप तिवारी ने बताया कि नुकसान का आकलन जारी है और राहत कार्य प्राथमिकता से किया जा रहा है। मौसम विभाग ने पहले ही भारी बारिश की चेतावनी जारी की थी, जो अब सच साबित होती दिख रही है।