उत्तराखंड: यहां जिले के स्कूलों में तीन दिन का अवकाश घोषित, ठंड ने बढ़ाई प्रशासन की चिंता

Uttarakhand: Udham Singh Nagar: School: Closed: कड़ाके की ठंड और शीतलहर को देखते हुए जनपद उधम सिंह नगर में 15, 16 और 17 जनवरी 2026 को सभी स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया है।

मौसम विभाग के अनुसार 16 और 17 जनवरी को शीतलहर की स्थिति बनी रह सकती है, जिससे बच्चों के स्वास्थ्य पर असर पड़ सकता है। इसी कारण जिला प्रशासन ने विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया है।

यह अवकाश लागू होगा:

सभी आंगनबाड़ी केंद्रों में

सरकारी और निजी स्कूलों में

सहायता प्राप्त एवं अशासकीय विद्यालयों में

नर्सरी से कक्षा 12 तक के सभी विद्यार्थियों के लिए

हालांकि, कक्षा 10 और कक्षा 12 के वे छात्र जो CBSE, ICSE, उत्तराखंड बोर्ड या अन्य बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं:

यदि कोई विद्यालय पढ़ाई, प्रैक्टिकल या प्री-बोर्ड परीक्षा आयोजित करना चाहता है, तो उसे पहले मुख्य शिक्षा अधिकारी, उधम सिंह नगर से अनुमति लेनी होगी। प्रशासन ने साफ कहा है कि सभी विद्यालय इस आदेश का पूरी तरह पालन करें। आदेश का उल्लंघन करने वाले स्कूलों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। यह आदेश जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया द्वारा जारी किया गया है। अभिभावकों और छात्रों से अपील है कि ठंड के मौसम में अपना विशेष ध्यान रखें और सुरक्षित रहें।

उत्तराखंड: बेटी-दामाद की एंट्री से पहले ही हंगामा, मां बोली…माहौल हो जाएगा खराब

Love Marriage : Family Dispute : Police Complaint : Roorkee News : Civil Lines Kotwali : प्रेम विवाह के बाद रहने को लेकर उपजे पारिवारिक विवाद का एक मामला सिविललाइंस कोतवाली क्षेत्र से सामने आया है। जहां एक महिला ने पुलिस को तहरीर देकर आशंका जताई है कि यदि उसकी बेटी और दामाद उसके पड़ोस में रहने आए तो क्षेत्र का माहौल खराब हो सकता है और सामाजिक प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचेगा। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है।

जानकारी के अनुसार सिविललाइंस कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी महिला की बेटी का पड़ोस में रहने वाले युवक से काफी समय से प्रेम संबंध था। इस संबंध की जानकारी युवती के स्वजनों को भी हो गई थी। परिजनों द्वारा विरोध और दबाव बनाए जाने के बाद युवती दो जनवरी को अपने प्रेमी के साथ घर से चली गई थी। इसके बाद दोनों ने पांच जनवरी को आपसी सहमति से विवाह कर लिया।

विवाह के उपरांत युगल ने कोर्ट में सुरक्षा की मांग की थी और कोतवाली पहुंचकर पुलिस को अपने विवाह की जानकारी भी दी थी। इसके बाद से दोनों रुड़की में ही रह रहे हैं।

बुधवार को युवती की मां सिविललाइंस कोतवाली पहुंची और पुलिस को तहरीर सौंपी। तहरीर में महिला ने कहा कि उसे जानकारी मिली है कि उसकी बेटी अपने पति के साथ उसके घर के आसपास रहने आ सकती है। महिला का कहना है कि ऐसा होने से मोहल्ले का माहौल बिगड़ सकता है और परिवार की सामाजिक छवि प्रभावित होगी। उसने पुलिस से बेटी और दामाद को वहां रहने से रोकने की गुहार लगाई है।

इस संबंध में उप निरीक्षक नरेंद्र राठी ने कहा कि महिला की तहरीर प्राप्त हो गई है और मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

उत्तराखंड: सीएम धामी ने खटीमा को दी हाईटेक बस अड्डे की सौगात

Khatima : High-tech Bus Station : Chief Minister Pushkar Singh Dhami : Public Development : Maharana Pratap : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने खटीमा के लोगों को एक हाईटेक बस अड्डे की सौगात दी। 11 करोड़ 27 लाख रुपये की लागत से निर्मित यह बस अड्डा अब जनता की आवाजाही को और सुगम बनाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि बचपन से उनका सपना था कि खटीमा में एक आधुनिक बस अड्डा बने….और अब वह सपना साकार हो गया है।

14 जनवरी मकर संक्रांति के पावन दिन मुख्यमंत्री धामी ने महाराणा प्रताप बस स्टेशन का उद्घाटन किया। इस अवसर पर नैनीताल लोकसभा सांसद अजय भट्ट भी उपस्थित रहे। सीएम ने कहा कि बस अड्डे का नाम वीर महाराणा प्रताप के नाम पर रखा गया है ताकि युवा पीढ़ी उनके साहस और शौर्य से परिचित हो सके।

सीएम धामी ने कहा कि प्रदेश सरकार जनता की सुविधाओं और विकास के लिए निरंतर काम कर रही है। उन्होंने नकल विरोधी कानून, समान नागरिक संहिता….और अन्य ऐतिहासिक फैसलों के बारे में भी जानकारी दी और विपक्षी दल कांग्रेस पर निशाना साधा। उनका कहना था कि बीजेपी की सरकार प्रदेश में लगातार विकास कार्यों को आगे बढ़ा रही है और 2027 विधानसभा चुनाव में भी सफलता की उम्मीद है।

मुख्यमंत्री ने यह भी आश्वासन दिया कि प्रदेश में आने वाली पीढ़ी के लिए सुरक्षित और विकसित उत्तराखंड सुनिश्चित किया जाएगा। डेमोग्राफिक बदलाव और सामाजिक अस्थिरता को रोकने के लिए सरकार कड़े कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि देवभूमि में देवत्व को कभी भी नुकसान नहीं होने दिया जाएगा।

रानीखेत की किरन ने परिवार की मदद के लिए शुरू किया अपना काम,अब कई शहरों से मिल रहे हैं ऑर्डर

Ranikhet: Kiran Bhagat: Aipan: रानीखेत की किरन भगत ने पारंपरिक लोककला ऐपण को न केवल जीवित रखा है, बल्कि इसे आजीविका का सशक्त माध्यम बनाकर आत्मनिर्भरता की मिसाल भी पेश की है। साधारण परिवार से ताल्लुक रखने वाली किरन कठिन पारिवारिक परिस्थितियों के बावजूद अपने हुनर और संकल्प के बल पर आगे बढ़ रही हैं।

किरन के पिता सतीश चंद्र भगत लंबे समय से अस्वस्थ हैं, जिस कारण परिवार की जिम्मेदारी काफी हद तक उनकी मां भगवती देवी पर आ गई, जो दूध बेचकर घर का खर्च चलाती हैं। ऐसे में परिवार को आर्थिक सहारा देने के लिए किरन ने रानीखेत की एक कपड़े की दुकान में काम करना शुरू किया। हालांकि नौकरी के साथ-साथ उनके मन में कुछ अलग करने और आगे बढ़ने की इच्छा लगातार बनी रही।

इसी तलाश ने उन्हें उत्तराखंड की पारंपरिक कला ऐपण से जोड़ा। शुरुआत में इस कला में दक्षता न होने के कारण उन्हें कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ा, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। यूट्यूब के माध्यम से ऐपण की बारीकियां सीखीं और घर की देहरी, कपड़ों व अन्य सतहों पर अभ्यास करते हुए धीरे-धीरे इस कला में निपुण होती चली गईं।

लगातार मेहनत का परिणाम यह रहा कि पिछले दो वर्षों से किरन ने ऐपण को व्यावसायिक रूप से अपनाया। वहीं, बीते पांच महीनों से सोशल मीडिया पर अपने बनाए ऐपण के फोटो और वीडियो साझा करने के बाद उनके काम को नई पहचान मिलने लगी। आज उन्हें न केवल आसपास के क्षेत्रों से, बल्कि देश के कई बड़े शहरों से ऑर्डर मिल रहे हैं। इतना ही नहीं, उनके उत्पाद अमेरिका तक भी पहुंच चुके हैं।

किरन पारंपरिक और आधुनिक दोनों शैली के ऐपण उत्पाद तैयार कर रही हैं। उनके कार्यों में ऐपण तोरण (दरवाजे और बाइक के लिए), दीवार सजावट, वुडन फ्रेम ऐपण, कैनवास पेंटिंग, पारंपरिक चौक, पूजा चौकी, लक्ष्मी पगचिन्ह, शुभ-लाभ, गणेश और देवी-देवताओं के ऐपण प्रमुख हैं। इसके अलावा दीया स्टैंड, पूजा थाली, करवा चौथ थाली, गृह प्रवेश और विवाह विशेष ऐपण भी उनके लोकप्रिय उत्पादों में शामिल हैं।

किरन भगत की यह यात्रा न केवल युवाओं के लिए प्रेरणादायक है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि अगर इच्छाशक्ति और मेहनत हो, तो पारंपरिक कला भी रोजगार और पहचान का मजबूत माध्यम बन सकती है।

उत्तराखंड: महिला अपराध जांच में गंभीर लापरवाही, एसएसपी ने महिला दारोगा को किया सस्पेंड

Woman SI Suspended : Lal Kuan Police : Negligence in Investigation : Sexual Assault Case : Police Disciplinary Action : Uttarakhand News : नैनीताल पुलिस में महिला अपराध से जुड़े मामले में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई देखने को मिली है। लालकुआं कोतवाली में तैनात महिला उपनिरीक्षक (एसआई) अंजू नेगी को गंभीर लापरवाही और आरोपी को लाभ पहुंचाने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है। इस कार्रवाई से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।

जानकारी के अनुसार अक्टूबर 2025 में लालकुआं कोतवाली में एक युवती ने शिकायत दर्ज कराई थी। पीड़िता ने आरोप लगाया था कि शादी का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म किया गया। इस मामले की विवेचना महिला एसआई अंजू नेगी को सौंपी गई थी।

जांच में यह सामने आया कि महिला दारोगा ने मामले की निष्पक्ष जांच करने की बजाय प्रतिवादी को लाभ पहुंचाने का प्रयास किया। प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए जाने पर एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने गंभीरता दिखाते हुए तुरंत कार्रवाई की और एसआई अंजू नेगी को निलंबित कर दिया।

एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने कहा कि जनपद पुलिस महिला सुरक्षा को लेकर पूरी तरह गंभीर है। महिला अपराध से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही, पक्षपात या अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि किसी स्तर पर जानबूझकर ढिलाई या आरोपी को फायदा पहुंचाने की कोशिश हुई…तो सख्त विभागीय कार्रवाई होगी।

उत्तराखंड में अगले 48 घंटे में मौसम बदलेगा, बारिश और बर्फबारी की चेतावनी!

Uttarakhand Weather : Cold Wave : Dry Cold : Snowfall Prediction : Rain Forecast : Fog Alert : Mountain Weather : उत्तराखंड में इस मौसम में बारिश और बर्फबारी न होने से सूखी ठंड मैदान से लेकर पहाड़ी क्षेत्रों तक लोगों को परेशान कर रही है। मौसम वैज्ञानिकों ने राज्य के पर्वतीय इलाकों में अगले दो दिनों में मौसम बिगड़ने की संभावना जताई है, जिससे प्रदेशभर में दिन के अधिकतम तापमान में गिरावट देखने को मिल सकती है।

मौसम विज्ञान केंद्र की ओर से जारी पूर्वानुमान के अनुसार आज और कल यानी जनवरी के बाकी दिनों में प्रदेश का मौसम शुष्क रहेगा। इसके बावजूद बुधवार को मैदानी जिलों देहरादून, ऊधमसिंह नगर और हरिद्वार के साथ-साथ नैनीताल, चंपावत और पौड़ी में घना कोहरा रहने की संभावना है…..जिसके चलते येलो अलर्ट जारी किया गया है।

मौसम विभाग ने कहा कि 16 से 19 जनवरी के बीच उत्तरकाशी, चमोली और पिथौरागढ़ के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश होने की संभावना है। वहीं 3400 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी के आसार हैं।

सूखी ठंड का सबसे ज्यादा असर मैदानी इलाकों में देखने को मिल रहा है। ऐसे में आने वाले दिनों में रात के न्यूनतम तापमान में और गिरावट देखने की संभावना है। मौसम विशेषज्ञों ने लोगों से उचित कपड़े पहनने और ठंड से बचाव के उपाय अपनाने की सलाह दी है।

उत्तराखंड: पिता की कार के पहिये के नीचे दबने से चार वर्षीय मासूम की मौत!

Dehradun News : Child Accident : Road Safety : Car Accident : Tragic Incident : Minor Death : देहरादून में एक दर्दनाक हादसे में चार वर्षीय मासूम बच्चे की मौत हो गई। यह घटना झबरेड़ा क्षेत्र की है…जहां परिवार में कोहराम मच गया।

जानकारी के अनुसार झबरेड़ा निवासी रवि कुमार जो कि किराए पर कार चलाते हैं शाम के समय अपनी कार को घर के आंगन में बैक कर खड़ी कर रहे थे। इसी दौरान उनका चार वर्षीय बेटा घर का दरवाजा खोलकर अचानक बाहर आ गया और कार के पीछे खड़ा हो गया।

कार के पीछे होने की जानकारी पिता को नहीं थी और जब उन्होंने कार पीछे की….तो बच्चा पहिए के नीचे दब गया। तुरंत चीख सुनकर परिवार ने बच्चे को निकालने की कोशिश की….लेकिन तब तक मासूम की मौत हो चुकी थी।

इस हादसे ने पूरे परिवार को झकझोर कर रख दिया है। स्थानीय लोग और पड़ोसी भी इस दुखद घटना से स्तब्ध हैं। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और सुरक्षा उपायों के प्रति लोगों को सतर्क रहने की चेतावनी दी गई है।

राज्य सरकार की फिल्म नीति को मिली सराहना, क्षेत्रीय सिनेमा और फिल्म शूटिंग को मिल रहा प्रोत्साहन

Uttarakhand Film Policy : Regional Cinema Promotion : Uttarakhand Film Development Council : Film Shooting in Uttarakhand, : Film Subsidy Scheme : राज्य में फिल्मों की शूटिंग और क्षेत्रीय सिनेमा को बढ़ावा देने के लिए उत्तराखण्ड सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों की उत्तराखण्ड फिल्म एंड म्यूजिक एसोसियेशन ने सराहना की है। एसोसियेशन का कहना है कि प्रभावी और आकर्षक फिल्म नीति लागू होने से स्थानीय फिल्म निर्माताओं, कलाकारों और तकनीशियनों को सीधा लाभ मिल रहा है तथा प्रदेश में फिल्म निर्माण गतिविधियों में तेजी आई है।

मंगलवार को उत्तराखण्ड फिल्म एंड म्यूजिक एसोसियेशन के एक प्रतिनिधिमंडल ने रिंग रोड स्थित सूचना भवन में महानिदेशक सूचना एवं उत्तराखण्ड फिल्म विकास परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी बंशीधर तिवारी से भेंट की। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने क्षेत्रीय फिल्मों को अनुदान दिए जाने और सिनेमा को प्रोत्साहन देने के लिए राज्य सरकार एवं परिषद का आभार व्यक्त किया।

इस अवसर पर बंशीधर तिवारी ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के मार्गदर्शन में राज्य में फिल्म नीति–2024 लागू की गई है….जिसमें स्थानीय फिल्म उद्योग से जुड़े सभी हितधारकों के हितों का विशेष ध्यान रखा गया है। उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय फिल्मों को प्रोत्साहित करने के लिए राज्य में किए गए व्यय का अधिकतम 50 प्रतिशत अथवा अधिकतम 2 करोड़ रुपये तक अनुदान दिए जाने का प्रावधान किया गया है। इसके साथ ही ओटीटी प्लेटफॉर्म, वेब सीरीज़, टीवी सीरियल, डॉक्यूमेंट्री और लघु फिल्मों को भी अनुदान योजना में शामिल किया गया है।

बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्रदेश में राष्ट्रीय स्तर का फिल्म महोत्सव और फिल्म पुरस्कार समारोह आयोजित करने की दिशा में भी प्रयास किए जा रहे हैं…जिसके लिए भारत सरकार के उपक्रम एनएफडीसी से पत्राचार चल रहा है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि उत्तराखण्ड फिल्म विकास परिषद की वेबसाइट को अंतिम रूप दिया जा रहा है…जहां स्थानीय फिल्म निर्माता, निर्देशक, कलाकार, तकनीशियन और लाइन प्रोड्यूसर से संबंधित विस्तृत जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी।

उत्तराखण्ड फिल्म एंड म्यूजिक एसोसियेशन के संरक्षक अनुज जोशी ने कहा कि परिषद द्वारा क्षेत्रीय सिनेमा के हित में लगातार सकारात्मक कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि जुलाई 2025 में गठित समिति की बैठक में स्थानीय फिल्मों को अनुदान प्रदान किया गया, जिससे फिल्म निर्माताओं और निर्देशकों में उत्साह का माहौल है। जोशी ने राज्य में नियमित रूप से फिल्म पुरस्कार समारोह आयोजित करने का अनुरोध करते हुए कहा कि इससे स्थानीय प्रतिभाओं को और अधिक प्रोत्साहन मिलेगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की बेहतर फिल्म नीति के परिणामस्वरूप उत्तराखण्ड में क्षेत्रीय सिनेमा का निरंतर विस्तार हो रहा है।

उत्तराखंड: खटीमा में उत्तरायणी कौतिक मेले का शुभारंभ, मुख्यमंत्री धामी ने विकास योजनाओं की घोषणाएं

Khatima News : Chief Minister Pushkar Singh Dhami : Uttarayani Mela : Cultural Festival : Development Announcement : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कुमाऊँ सांस्कृतिक उत्थान मंच, खटीमा द्वारा बीज निगम परिसर में आयोजित उत्तरायणी कौतिक मेले का दीप प्रज्वलित कर विधिवत शुभारंभ किया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने पर्वतीय विकास भवन के निर्माण की घोषणा करते हुए जिलाधिकारी को शीघ्र भूमि चिन्हित करने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने उत्तरायणी मेले को राज्य के वार्षिक कैलेंडर में सम्मिलित कर आर्थिक सहायता प्रदान करने तथा समिति के अनुरोध पर मंच निर्माण कराने की भी घोषणा की।

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि मकर संक्रांति का पर्व आध्यात्मिक और वैज्ञानिक, दोनों दृष्टियों से अत्यंत महत्वपूर्ण है। सूर्य के उत्तरायण होने के इस पावन अवसर पर नई ऊर्जा, नई आशा और नई शुरुआत का संदेश मिलता है। उन्होंने कहा कि उत्तरायणी केवल एक पर्व नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति, आस्था और जीवन दर्शन का उत्सव है। ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ने का कार्य करते हैं और हमारी सांस्कृतिक विरासत को सशक्त बनाते हैं।

उन्होंने कहा कि बदलते समय में अपनी सांस्कृतिक पहचान को संरक्षित रखना अत्यंत आवश्यक है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश विकास के साथ-साथ सनातन संस्कृति के गौरव को वैश्विक स्तर पर स्थापित कर रहा है। सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास के मंत्र से प्रेरित होकर राज्य सरकार उत्तराखंड को विकास का आदर्श मॉडल बनाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि खटीमा उनके लिए केवल एक विधानसभा क्षेत्र नहीं…बल्कि उनका घर है। उन्होंने यहां स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल और बुनियादी ढांचे के सुदृढ़ीकरण हेतु किए गए कार्यों का उल्लेख किया। खटीमा में हाईटेक बस स्टैंड, आधुनिक आईटीआई, पॉलीटेक्निक कॉलेज, 100 बेड का अस्पताल, राष्ट्रीय स्तर का खेल स्टेडियम, सड़क नेटवर्क, गदरपुर व खटीमा बाईपास, नौसर पुल तथा खटीमा-टनकपुर के बीच प्रस्तावित सैन्य स्मारक जैसे विकास कार्यों से क्षेत्र को नई दिशा मिली है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राजकीय महाविद्यालय खटीमा में एम.कॉम और एम.एससी. की कक्षाएं प्रारंभ की गई हैं तथा जनजाति बहुल क्षेत्रों में एकलव्य विद्यालय का संचालन किया जा रहा है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि खटीमा के विकास की गति कभी रुकने नहीं दी जाएगी।

उन्होंने कहा कि राज्य में बेरोजगारी दर में उल्लेखनीय कमी आई है और सरकार ने सख्त कानूनों के माध्यम से अवैध गतिविधियों पर प्रभावी कार्रवाई की है। समान नागरिक संहिता, नकल विरोधी कानून, भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस नीति और पारदर्शी डीबीटी प्रणाली से शासन व्यवस्था मजबूत हुई है। आज हजारों युवाओं को योग्यता के आधार पर सरकारी रोजगार मिला है और राज्य की अर्थव्यवस्था में निरंतर वृद्धि हो रही है।

मुख्यमंत्री ने मातृशक्ति को संबोधित करते हुए कहा कि उत्तराखंड की संस्कृति की वास्तविक संवाहक महिलाएं हैं। महिला सशक्तिकरण सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि देवभूमि में विकास, संस्कृति और कानून-व्यवस्था से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। सरकार का लक्ष्य उत्तराखंड को देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाना है और यह लक्ष्य संकल्प के साथ पूरा किया जाएगा।

खटीमा में सार्वजनिक लोहड़ी समारोह में शामिल हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी

Lohri Festival: Khatima News : Public Event : Uttarakhand CM : Cultural Celebration : खटीमा क्षेत्र में लोहड़ी पर्व का उत्साह और उल्लास देखने को मिला…जब मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी नगला तराई रोड स्थित हर्षु इंक्लेव में सुमित गुम्बर के आवास पहुंचे और सार्वजनिक लोहड़ी समारोह में शामिल हुए। पारंपरिक अंदाज में आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान उपस्थित जनसमूह को लोहड़ी पर्व की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ऐसे लोकपर्व हमारी सांस्कृतिक विरासत को मजबूत करने के साथ-साथ समाज में आपसी भाईचारे और सौहार्द को बढ़ाते हैं। उन्होंने सभी के सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना की।

समारोह में नगर क्षेत्र के जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी और गणमान्य नागरिक भी शामिल हुए।